Thursday , December 2 2021

रेजीडेंट डॉक्‍टरों ने पीजीआई पहुंचे मंत्री आशुतोष टंडन का घेराव कर सौंपा ज्ञापन

मुख्‍यमंत्री से बात कर मसला सुलझाने का आश्‍वासन, 10 मार्च तक मसला हल न हुआ तो तय होगी आगे की रणनीति

 

लखनऊ। संजय गांधी पीजीआई के रेजीडेंट्स डॉक्‍टरों ने ठीक चार सप्‍ताह बाद आज एक बार फि‍र उत्‍तर प्रदेश के चिकित्‍सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन से एम्‍स से बराबर भत्‍तों की मांग को लेकर मुलाकात की। फर्क सिर्फ इतना था कि आज की मुलाकात हल्‍की-फुल्‍की नारेबाजी और घेराव करते हुए एसजीपीजीआई परिसर में हुई। मंत्री ने मुख्‍यमंत्री से बात कर 10 मार्च तक मांगों का समाधान करने का आश्‍वासन दिया है। आपको बता दें कि चिकित्‍सा शिक्षा मंत्री आज एसजीपीजीआई में कई सुविधाओं का लोकार्पण करने आये थे।

आपको बता दें कि आज 6 मार्च बुधवार है, ठीक चार सप्‍ताह पहले 6 फरवरी को भी बुधवार था। उस समय अपनी मांगों को लेकर 7 फरवरी से कार्य बहिष्‍कार का फैसला ले चुके रेजीडेंट्स डॉक्‍टरों ने प्रमुख सचिव चिकित्‍सा शिक्षा से मुलाकात की थी।

रेजीडेंट डॉक्‍टर्स एसोसिएशन एसजीपीजीआई के अध्‍यक्ष डॉ आशुतोष के अनुसार उस समय प्रमुख सचिव ने हमारी मांगों को न्‍यायसंगत बताते हुए उस पर अपनी सहमति जतायी थी तथा शीघ्र कार्यवाही का आश्‍वासन दिया था। उन्‍होंने बताया कि उसी दिन हम लोगों ने चिकित्‍सा शिक्षा मंत्री से भी मुलाकात कर अपनी समस्‍या बतायी थी, उनकी ओर से भी शीघ्र कार्यवाही का आश्‍वासन मिलने के बाद हम लोगों ने दो सप्‍ताह के लिए अपना आंदोलन स्‍थगित कर दिया था।

उन्‍होंने बताया कि अब चार सप्‍ताह बीतने के बाद भी कोई कार्यवाही न होने पर हम लोग एक बार फि‍र से आंदोलन के लिए मजबूर हुए हैं। उन्‍होंने बताया कि आज हम लोगों ने मंत्री को ज्ञापन सौंपा है। उन्‍होंने बताया कि इस दौरान मंत्री के साथ काफी देर तक इस विषय पर वार्ता हुई और उन्‍होंने कहा कि वह कल 7 मार्च को मुख्‍यमंत्री से बात कर हम लोगों की मांग को पूरा कराने का प्रयास करेंगे। यह देखते हुए हम लोगों ने फि‍लहाल 10 मार्च तक का समय दिया गया है। अगर मांग न मानी गयी तो आगे की रणनीति तय करेंगे।