Thursday , December 1 2022

आउटसोर्सिंग से नर्सों की भर्ती प्रक्रिया को करें ‘आउट’ वर्ना आंदोलन होना तय

-पूर्व में आउटसोर्सिंग से रखी नर्सों को दें समान कार्य के लिए समान वेतन
-संजय गांधी पीजीआई की नर्सों का काली फीता से विरोध जारी
-सोमवार से निकाला जायेगा कैंडिल मार्च, अगले चरण में एक घंटा कार्य बहिष्‍कार

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो
लखनऊ।संजय गांधी पीजीआई में आउटसोर्सिंग से नर्सों की भर्ती को रोकने के साथ पूर्व में आउटसोर्स से भर्ती हुई नर्सों कों समान कार्य के लिए समान वेतन देने के साथ ही एमएसीपीएस व कैडर को फि‍र से बनाने की मांग को लेकर संस्‍थान की नर्सों ने अपना आंदोलन शुरू कर दिया है, फि‍लहाल नर्सें काला फीता बांधकर अपना विरोध जता रही हैं, लेकिन अगर मांगें न मानी गयीं तो कार्य बहिष्‍कार जैसे निर्णय लिये जायेंगे। आंदोलन के अगले चरण में आगामी सोमवार से प्रत्‍येक सोमवार कैंडिल मार्च भी निकाला जायेगा।

यह जानकारी देते हुए नर्सिंग एसोसिएशन की अध्‍यक्ष सीमा सिंहसिंह, महामंत्री सुजान सिंह व कर्मचारी महासंघ (एस) की अध्‍यक्ष सावित्री सिंह ने कहा कि नर्सों को उनका वाजिब हक नहीं दिया जा रहा है। नेताओं ने कहा कि आउट सोर्स से रखी गयीं नर्स भी जब बराबर का काम करती हैं तो उनके साथ भेदभाव क्‍यों, उन्‍हें भी एम्‍स, रेलवे की तरह वेतन मिलना चाहिये। यही नहीं जब माह में चार साप्‍ताहिक अवकाश दिये जाने का नियम है तो फि‍र 26 दिन का वेतन क्‍यों दिया जाता है।

नेताओं का कहना है कि इस भेदभाव और अन्‍याय को लेकर आउटसोर्स की नर्सों के समर्थन में हम सभी नर्सिेंग स्‍टाफ एकजुट खड़े हैं, शासन-प्रशासन को चाहिये कि इस समस्‍या का समाधान करे, अन्‍यथा की स्थिति में हमारा आंदोलन और बढ़ेगा तथा अगले चरण में हम पहले एक घंटे का कार्य बहिष्‍कार करेंगे। हालांकि हम कार्य बहिष्‍कार कर मरीजों को तकलीफ नहीं पहुंचाना चाहते हैं लेकिन हमारे पास इसके सिवा कोई रास्‍ता भी तो नहीं है, मरीजों को तकलीफ न हो इसके लिए यह आवश्‍यक है कि अधिकारी हमारी जायज मांगों की ओर ध्‍यान देकर हमें इंसाफ दिलायें।