Wednesday , February 8 2023

रंगों, स्‍याही, शब्‍दों और अभिनय से बच्‍चों ने दिया मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य का संदेश

-विश्‍व मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य दिवस के महोत्‍सव का पहला प्री इवेंट सम्‍पन्‍न

-सेंट जोसफ कॉलेज प्रांगण में विद्यार्थियों की चार प्रतियोगिताएं आयोजित

सेहत टाइम्‍स

लखनऊ। विश्‍व मा‍नसिक स्‍वास्‍थ्‍य दिवस के मौके पर गोल्‍डेन फ्यूचर पब्लिक चेरिटेबिल ट्रस्‍ट के बैनर तले लखनऊ में आगामी 1 अक्‍टूबर को होने वाले महोत्‍सव के प्री इवेंट के रूप में आज 10 सितम्‍बर को कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए चार प्रतियोगिताओं का आयोजन सेंट जोसफ कॉलेज की रुचि खण्‍ड रायबरेली रोड शाखा में किया गया।

अनेक प्रतिभाओं के धनी होते हैं बच्‍चे : अनिल अग्रवाल

अनिल अग्रवाल

मुख्‍य अतिथि सेंट जोजफ ग्रुप ऑफ कॉलेजेज़ के प्रबंध निदेशक अनिल अग्रवाल ने मा‍नसिक स्‍वास्‍थ्‍य पर हो रहे महोत्‍सव के लिए मुख्‍य आयोजक शोभित अग्रवाल सहित सभी आयोजकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मुझे यह जानकर बहुत खुशी हुई है कि मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य जैसे विषय पर आप लोग इतना भव्‍य आयोजन कर रहे हैं, उन्‍होंने कहा कि मेरी तरफ से किसी भी प्रकार का सहयोग मैं देने को तैयार हूं। उन्‍होंने कार्यक्रम में आये हुए सभी विद्या‍लयों के टीचर्स, बच्‍चों का स्‍वागत करते हुए कहा कि बच्‍चों के अंदर तमाम प्रतिभाएं होती हैं, आज हम यहां बच्‍चों की इन्‍हीं प्रतिभाओं को देखेंगे।

अनिल अग्रवाल ने इस आयोजन के लिए विशेष रूप से शोभित नारायण अग्रवाल की तारीफ करते हुए कहा कि शोभित नारायण ऐसे व्‍यक्तित्‍व के स्‍वामी हैं जो सभी पर अपनी छाप छोड़ते हैं। उन्‍होंने कहा कि शोभित की इस सफलता के लिए मैं कार्यक्रम में उपस्थित उनकी माताजी को बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। इस मौके पर शोभित की मां, गोल्‍डेन फ्यूचर की मैनेजिंग ट्रस्‍टी कुमकुम अग्रवाल को सेंट जोसफ कॉलेज परिवार की ओर से स्‍मृति चिन्‍ह के रूप में भगवान बुद्ध की प्रतिमा देकर उनका सम्‍मान किया गया।

विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन ने भी माना : डॉ गिरीश गुप्‍ता

डॉ गिरीश गुप्‍ता

आयोजन के चीफ पैट्रन गौरांग क्‍लीनिक एंड सेंटर फॉर होम्‍योपैथिक रिसर्च के चीफ कन्‍सल्‍टेंट डॉ गिरीश गुप्‍ता ने भी मुख्‍य आयोजक शोभित अग्रवाल की सोच की प्रशंसा करते हुए इस कार्यक्रम को अपना बिना शर्त समर्थन देने का ऐलान‍ किया। उन्‍होंने मानसिक स्‍वास्‍थ्‍य के महत्‍व को परिभाषित करते हुए बताया कि पहले विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन द्वारा स्‍वास्‍थ्‍य की परिभाषा के बारे में बताया गया कि absence of disease is health फि‍र इसके बाद absence of physical and mental disease is health लेकिन यह भी बदला गया और अब अंतत: उन्‍हें मानना पड़ा और इसकी परिभाषा कही गयी कि physical, mental, social and spritual welbeing is health. यहीं पर भारत का दर्शन शास्‍त्र सर्वोच्‍च हो जाता है क्‍योंकि विश्‍व में सबसे पहले किसी ने स्प्रिचुअल स्‍वास्‍थ्‍य की बात की तो भारत के ऋषि-मुनियों ने कही। उन्‍होंने कहा कि भारत का योगा जो आज सारा विश्‍व कर रहा है, वह भारत की देन है, योगा तन से ज्‍यादा मन को स्‍वस्‍थ करता है।

उन्‍होंने कहा कि माइंड और ब्रेन में लोग बहुत कन्‍फ्यूज होते हैं, कम्‍प्‍यूटर का जमाना है ब्रेन हार्डवेयर है और माइंड सॉफ्टवेयर, यानी प्‍लानिंग आप सॉफ्टवेयर में करते हैं और उसे एक्‍शन में लाता है ब्रेन। माइंड का रोल विश्‍व स्‍वास्‍थ्‍य संगठन ने भी स्‍वीकार किया है।

उन्‍होंने कहा कि शरीर में दिखने वाली बीमारियों के बारे में सोचा जाता था कि इसका कारण क्‍या है, लेकिन कारण न पता होने के कारण इडियोपैथी यानी अज्ञात मान लिया गया जबकि आज डायबिटीज, हाइपरटेंशन जैसी बीमारियों का कारण माइंड को माना जा रहा है। आज गैर संक्रमित बीमारियों में 50 प्रतिशत बीमारियां माइंड के कारण हो रही हैं। ऐसे में इस आयोजन का महत्‍व बहुत बड़ा है।

महिलाओं से दोगुने ज्‍यादा संख्‍या में पुरुषों ने की आत्‍महत्‍या

पति परिवार कल्‍याण समिति के प्रतिनिधि के रूप में आये कपिल मोहन चौधरी ने कहा कि आज स्‍युसाइड प्रीवेंशन डे के अवसर पर आत्‍महत्‍या पर बोलते हुए उन्‍होंने कहा‍ कि मन आपके शरीर को कंट्रोल करता है। उन्‍होंने कहा कि आत्‍महत्‍या के मामलों में भारत और चीन में पूरे विश्‍व की एक तिहाई आत्‍महत्‍या की घटनाएं होती हैं। उन्‍होंने बताया कि भारत में 1967 से 2020 तक के आंकड़ों के अनुसार महिलाओं की अपेक्षा दोगुने पुरुषों ने आत्‍महत्‍या की है। 81,000 पुरुषों ने आत्‍महत्‍या की है जबकि आत्‍महत्‍या करने वाली महिलाओं की संख्‍या 28,000 है। इसके कारणों के पीछे उनका कहना था कि महिलाओं के लिए बहुत से कानून हैं जबकि पुरुषों के बचाव के लिए कोई विशेष कानून नहीं है। समारोह को केजीएमयू के प्रो जीके सिंह ने भी सम्‍बोधित किया।  

समारोह में पेंटिंग, लेखन, भाषण और नुक्‍कड़ नाटक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, इसमें करीब 25 स्‍कूलों ने प्रतिभाग किया। इनमें लेखन प्रतियोगिता को छोड़कर बाकी तीनों प्रतियोगिताओं के परिणाम भी घोषित कर दिये गये हैं। हालांकि इन सभी विजयी प्रतिभागियों को उनके पुरस्‍कार 1 अक्‍टूबर को होने वाले मुख्‍य कार्यक्रम में मुख्‍य अतिथि उप मुख्‍यमंत्री ब्रजेश पाठक द्वारा प्रदान किये जायेंगे।

परिणामों की बात करें तो स्‍पीच प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्‍कार सेंट जोसफ कॉलेज की इकरा सिद्दीकी ने, द्वितीय पुरस्‍कार सीएमएस कानपुर रोड की श्रुति यादव ने तथा तीसरा स्‍थान सिटी इंटरनेशनल मानस सिटी शाखा की अवन्तिका श्रीवास्‍तव ने जीता। नुक्‍कड़ नाटक में प्रथम पुरस्‍कार सीएमएस गोमती नगर की टीम (सक्षम पटेल, नौमिका श्रीवास्‍तव, श्रद्धा उपाध्‍याय, सिद्धी बाजपेई, सु‍कृति, अनुज शुक्‍ला, अरीब उस्‍मानी और नैमिष वर्मा) ने, द्वितीय पुरस्‍कार सेंट जोसफ राजाजीपुरम शाखा की टीम (अक्षित पाठक, अभिजय चौहान, मान्‍या श्रीवास्‍तव, ओमिका गुप्‍ता, प्रियांशु प्रताप, अथर्व सिंह, अब्‍दुल माजिद औरऔर कार्तिक अग्रवाल) ने तथा तीसरा स्‍थान सिटी इंटरनेशनल की टीम (इशिता गौतम, अथर्व, प्रियांशी, अरव, आविका तथा शुभम) ने हासिल किया। इसी प्रकार पेंटिंग प्रतियोगिता में प्रथम स्‍थान सीएमएस गोमती नगर के निर्मित राजपूत ने, द्वितीय स्‍थान सेंट जोसफ राजाजीपुरम के अश्‍वनी यादव ने तथा तीसरा स्‍थान सेंट पॉल कॉलेज दिलकुशा के आदित्‍य शर्मा ने हासिल किया।

प्रतियोगिताओं को जांचने वाले निर्णायकों में फीवर एफएम के विदुर कपूर, पत्रकार अर्शाना, सीनियर साइकोलॉजिस्‍ट सुनीता बालानी, फॉरेंसिक साइकोलॉजिस्‍ट आशा माथुर, इं‍टीरियर डिजाइनर आकांक्षा, मॉकिंग बर्ड्स थियेटर ग्रुप के शुभम तिवारी, रेडियो सिटी के विक्रम शर्मा, आर्ट्स कॉलेज की ज्‍योति शुक्‍ला व प्रेम प्रकाश शामिल रहे।

आये हुए मेहमानों का स्‍वागत पौधों व अन्‍य स्‍मृति चिन्‍ह देकर किया गया। शोभित नारायण ने बताया कि अगला कार्यक्रम 18 सितम्‍बर को निराला नगर स्थित रामकृष्‍ण मठ में आयोजित किया जायेगा जिसमें युवाओं के लिए विभिन्‍न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जायेगा।  

समारोह में लाफिंग ट्रेल की श्‍वेता जिंदल, नूरमंजिल अस्‍पताल की डॉ अंजली गुप्‍ता, प्रोग्रेस अल्‍टरनेटिव्‍स सोशल वर्कर अपर्णा नारायण, डॉ अवनीश अग्रवाल, रूबरू हीलिंग के डॉ आकाश पाल, सीएमएस की मीडिया कोऑर्डीनेटर प्रियंका दीक्षित, वर्ल्‍ड बैंक के कन्‍सल्‍टेंट गौरव श्रीवास्‍तव के साथ ही सेंट जोसफ कॉलेज रुचि खंड की अध्‍यापिकाएं भी उपस्थित रहीं। पुनीता भटनागर के सौजन्‍य से उनके हस्‍त शिल्‍प कला केंद्र पर बने पुरस्‍कारों को प्रदान किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

6 + ten =

Time limit is exhausted. Please reload the CAPTCHA.