Thursday , December 2 2021

ब्‍लैक फंगस पर फैली भ्रांतियों सहित अनेक जानकारियां दीं विशेषज्ञों ने

-सक्षम लखनऊ ने आयोजित किया राष्‍ट्रीय वेबिनार

-आंखों की समस्‍याओं के लिए दी हेल्‍पलाइन की जानकारी

डॉ अरुण शर्मा

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ। ब्‍लैक फंगस की जांच को लेकर लोगों में फैले भ्रम, कोविड के बाद होने वाली अन्‍य समस्‍याओं तथा पोस्‍ट कोविड की अन्‍य दिक्‍कतों के बारे में तथा संभावित तीसरी लहर को लेकर अनेक काम की बातों की जानकारी सक्षम लखनऊ द्वारा आयोजित राष्‍ट्रीय वेबिनार में दी गयी।

वेबिनार में कोरोना के बाद उपजी ब्लैक फंगस एवं अन्य सम्बंधित समस्या पर विचार रखे गए। कार्यक्रम में विशेषज्ञ के रूप में किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के नेत्र बैंक के प्रभारी डॉ अरुण शर्मा, सहारा हॉस्पिटल लखनऊ के नाक कान गला विभाग के अध्यक्ष तथा कैंसर विशेषज्ञ डॉ मनोज मिश्र तथा वागा हॉस्पिटल के नेत्र विभाग के विशेषज्ञ डॉ पल्लवी सिंह एवं 100 प्रतिभागी उपस्थित रहे ।

सक्षम पूर्वी क्षेत्र के संयोजक डॉ. जय शंकर प्रसाद पाण्डेय द्वारा सक्षम के द्वारा दिव्यांगों के लिए की जा रही विभिन्न कार्यक्रमों के बारे में जानकरी दी गयी। उन्होंने सक्षम की स्थापना से लेकर अभी तक जो भी उपलब्धियां हासिल की हैं जैसे अलग-अलग दिव्यांगों के लिए छात्रावास शिक्षण एवं आवासीय सुविधा, प्रशिक्षण एवं अन्य क्रियाकलाप के बारे में जानकारी दी । ज्ञात है कि‍ विगत वर्षों में सक्षम द्वारा नेत्र कुम्भ का आयोजन भी किया गया है। विशेषज्ञों द्वारा ब्लैक फंगस जैसे वायरस के कारण प्रभाव तथा उपचार की जानकारी दी गयी ।   

विशेषज्ञ वक्ता के रूप में किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय के नेत्र बैंक के प्रभारी डॉ अरुण शर्मा ने यह बताया कि‍ जिस दौर से हम लोग गुजर रहे हैं उसकी कल्पना किसी ने भी नहीं की थी । उन्होंने यह बताया कि‍ जन भागीदारी के द्वारा इस कठिन परिस्थिति का मुकाबला किया जा रहा है। वायरस की भयावह स्थिति के बारे में भी उन्होंने बताया कि‍ इसका प्रभाव किस रूप में होगा यह कोई नहीं बता सकता है। उन्होंने ब्लैक फंगस से जुड़ी गलत धारणाओं को दूर करने की जानकारी दी। कोरोना से ठीक हुए 10 प्रतिशत लोगों में तथा ऑक्सीजन सपोर्ट में रहने वाले 50 प्रतिशत यह लक्षण देखने के मिलता है। 

उन्‍होंने शोध का उल्लेख करते हुए भारत में ब्लैक फंगस की लक्षण तथा प्रभावित व्यक्तियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने यह बताया कि‍ ब्लैक फंगस के कारण हमारे शरीर में किस प्रकार प्रभाव डाल सकता है। तकनीक शब्दावली द्वारा इसकी निदान किस प्रकार की जाए तथा उपचार (मधुमेह रोगियों) की पावर प्रजेंटेशन विधि द्वारा बताया।  दवाइयां महंगी होने के बाबजूद सरकार द्वारा उठाई जा रहे कदमों के बारे में भी उन्होंने जानकारी दी । उन्होंने यह भी बताया कि‍ आंखों के विभिन्न समस्याओं तथा नेत्रदान एवं कार्निया प्रत्यारोपण बारे में जानकरी हेल्पलाइन नंबर 6390826826 से सीधे संपर्क कर प्राप्त कर सकते हैं।   

डॉ मनोज मिश्र

सहारा हॉस्पिटल लखनऊ के नाक कान गला विभागाध्यक्ष एवम कैंसर विशेषज्ञ डॉ मनोज मिश्र ने बताया कि‍ ब्लैक फंगस के मामले कोरोना के कारण बढ़े हैं। ब्लैक फंगस के कारण आंखों में सूजन, सिर दर्द जैसे लक्षण बाले व्यक्तियों के बारे में उन्होंने जानकारी दी। उन्होंने यह बताया की एम.आर.आई. के माध्यम से इसकी जांच करके निदान किया जा सकता है। जांच के उपरांत ब्लैक फंगस की उपचार की विभिन्न विधियों के बारे में जानकारी दी। ब्लैक फंगस की उपचार में चुनोतियों को व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि‍ सरकार द्वारा इसकी इंजेक्शन तथा दवाई की नियंत्रण करने से काफी समस्या हुयी तथा सरकारी संस्थानों में मरीजों को भेजकर सही करवाया । उन्होंने मरीजों में दिखाई देने वाली बिभिन्न लक्षणों की जानकारी देने के साथ साथ उपचार की तरीको की जानकारी दी। आने वाले दिनों में ब्लैक फंगस की बिभिन्न रूप के को लेकर शोध की आवश्यकता की बात रखी। स्टेरॉयड के उपयोग कर कोरोना के उपचार से उपजी विभिन्न समस्याओं के जानकारी दी। बिना कोरोना लक्षण के भी इस प्रकार की लक्षण तथा एम्फोटेरिसिन इंजेक्शन के प्रयोग तथा आने वाले 6 महीने में और भी तथ्य सामने आयेंगे।  

वागा हॉस्पिटल के नेत्र विभाग के विशेषज्ञ डॉ पल्लवी सिंह ने भी ब्लैक फंगस की उपचार के लिए डॉक्टर की निगरानी में सलाह लेने की बात कही। ब्लैक फंगस से जुड़े मिथक तथा भ्रांतियों की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि‍ लोगों के बहकावे में न आकर डॉक्टरों की उचित सलाह लें। उन्होंने बताया कि‍ सीटी स्कैन से इस बीमारी का पता नहीं चलता है। उन्होंने बताया कि‍ कौन-कौन से लक्षण आने पर आप डॉक्टरों की सलाह लेने की जरूरत है। 

डॉ पल्लवी सिंह

सभी विशेषज्ञों द्वारा कोरोना की थर्ड वेव से पहले किस रूप में हम लोगों को तैयार रहना है तथा टीकाकरण किस प्रकार मददगार है इस बात पर बल दिया। सक्षम लखनऊ के उपाध्यक्ष अनूप कुमार त्रिपाठी के द्वारा सर्वप्रथम सक्षम गीत के माध्यम से कार्यक्रम की शुभारम्भ हुआ ।  सक्षम लखनऊ के अध्यक्ष्य शैलेन्द्र सिंह ने सभी विशेषज्ञ वक्ताओं तथा प्रतिभागियों को धन्यवाद ज्ञापित किया। सुशीला पाण्डेय द्वारा कल्याण मन्त्र का उच्चारण करते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया ।  इस कार्यक्रम में सक्षम अवध प्रांत के प्रांत सचिव राघवेंद्र सिंह, बीएचयू के अरविंद कुमार जोशी, लखनऊ विश्वविद्यालय के प्रोफेसर ओंकार उपाध्याय तथा विभिन्न महाविद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाओं, विभिन्न विश्वविद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने प्रतिभाग किया। डॉ शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय के प्रोफेसर मृत्युंजय मिश्रा, अध्यक्ष विश्वविद्यालय इकाई ने संक्षिप्त में रिपोर्ट प्रस्तुत की। कार्यक्रम का संचालन डॉ मंजुल त्रिवेदी द्वारा किया गया।