Wednesday , July 6 2022

मुख्‍य मार्गों ही नहीं गलियों में भी पुलिस को प्रभावी गश्‍त करने के निर्देश

-लॉकडाउन का प्रभावी अनुपालन करने के लिए धर्मगुरुओं से भी करायें अपील 
– आईपीसी की धारा 188 के तहत अब तक 10803 मुकदमे दर्ज
एचसी अवस्थी

लखनऊ। उत्‍तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) एचसी अवस्थी ने निर्देश दिये हैं कि पुलिस की प्रभावी एवं व्यापक गश्त/पेट्रोलिंग मात्र मुख्य मार्गो तक सीमित न रहकर शहरों व कस्बों के अन्दर की गलियों, मोहल्लों एवं सुदूर ग्राम तक की जाये। उन्‍होंने कहा कि जो भी आदेशों का उल्‍लंघन करे उसके खिलाफ वैधानिक कार्यवाही की जाये।

महानिदेशक ने नोवेल कोरोना वायरस कोविड-19 की रोकथाम के लिए लॉकडाउन के प्रभावी अनुपालन/कार्यवाही के लिए दिये गये दिशा-निर्देश का कड़ाई से पालन करने के लिए कहा है। डीजीपी ने पुलिस आयुक्त लखनऊ, गौतमबुद्वनगर, समस्त जोनल अपर पुलिस महानिदेशक, परिक्षेत्रीय पुलिस महानिरीक्षक/ पुलिस उपमहानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक/पुलिस अधीक्षक दिशा-निर्देश जारी करते हुए डीजीपी ने कहा है कि पुलिस के वाहनों पर लाउडस्पीकर के माध्यम से जनसामान्य को घर के अन्दर रहने, भीड़ एकत्रित न करने के सम्बन्ध में सोशल डिस्टेंसिग के सिद्धान्त का अनुपालन करने के लिए अपील की जाये। यूपी-112 के वाहनों का भी लॉकडाउन के अनुपालन में प्रयोग किया जाये। इस आदेश का उल्लंघन करने वालों पर वैधानिक कार्यवाही भी की जाये।

उन्‍होंने कहा कि सोशल मीडिया पर फेक व उत्तेजनात्मक पोस्टों का प्रभावी खण्डन करते हुए ऐसे व्यक्तियों के विरूद्ध सख्त वैद्यानिक कार्यवाही किया जाना सुनिश्चित किया जाये। इसके अतिरिक्‍त विभिन्न समुदायों के स्थानीय नेतृत्व/धार्मिक गुरुओं से अपील करायी जाये कि लोग लॉकडाउन का प्रभावी पालन करें। तब्लीग जमात के अनुयाइयों से भी अपील की जाये कि वह स्वतः बाहर आकर क्वारंटाइन के संस्थानों में जायें। साम्प्रदायिक/शरारती तत्वों की थानेवार एवं आसूचना के आधार पर चिन्हित व्यक्तियों पर सतर्क दृष्टि रखी जाये।

उन्‍होंने कहा कि सभी पुलिस अधिकारी अपने-अपने समकक्षीय मजिस्ट्रेट के साथ निरन्तर भ्रमण कर यह सुनिश्चित करें कि प्रभावी गश्त पेट्रोलिंग की जा रही है। इसके साथ ही संवेदनशील स्थानों में पिकेट एवं गश्त की व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ की जाये।  परिक्षेत्र एवं जोन स्तर के अधिकारी द्वारा निरन्तर संवेदनशील इलाकों में भ्रमणशील रहकर जनपदों द्वारा लॉकडाउन के अनुपालन की निरन्तर समीक्षा की जाये।