-डेंगू से बचने के उपायों की जानकारी दी गयी, 17 स्थानों पर मच्छरजनित स्थितियां मिलने पर जारी की गयी नोटिस

सेहत टाइम्स
लखनऊ। राजधानी लखनऊ में आजकल डेंगू का प्रकोप चल रहा है। रोज ही नये-नये केस सामने आ रहे हैं। आज (18 अक्टूबर को) विभिन्न क्षेत्रों में स्थित सीएचसी के तहत 34 डेंगू धनात्मक रोगी पाए गये। इनमें इन्दिरानगर-03, चिनहट-03, एन0के0 रोड-04, चन्दरनगर-06, टूड़ियागंज-04, अलीगंज-07, सिल्वर जुबली-04, सरोजनीनगर में तीन रोगी पाये गये। आज 27 स्थानों पर मच्छरजनित स्थितियां पायी गयीं, जिसके बाद उन्हें नोटिस जारी किया गया।
यह जानकारी देते हुए मुख्य चिकित्सा अधिकारी की ओर से बताया गया है कि आज लगभग 1509 घरों एवं आस-पास मच्छरजनित स्थितियों का सर्वेक्षण किया गया इसके अतिरिक्त नगर मलेरिया इकाई एवं जिला मलेरिया अधिकारी की टीमों द्वारा जनपद के गुलिस्ता कॉलोनी, राजभवन कालोनी एवं जलालपुर फाटक चौकी एवं विभिन्न स्थलों/भवनों का निरीक्षण किया गया तथा लार्वा रोधी रसायन का छिडकाव किया गया।
क्षेत्रीय जनता को घर के आस-पास पानी जमा न होने, पानी से भरे हुए बर्तन एवं टंकियों को ढंक कर रखें, हर सप्ताह कूलर के पानी को खाली करके साफ़ कपड़े से पोछ कर सूखा एवं साफ़ करने के बाद ही पुनः प्रयोग में लाने, पूरी बांह के कपड़े पहनने, बच्चों को घर से बाहर न निकलने, मच्छर रोधी क्रीम लगाने एवं मच्छरदानी में रहने तथा डेंगू एवं मच्छर जनित रोगों से बचाव के लिए “क्या करें, क्या न करें” सम्बंधित स्वास्थ्य शिक्षा प्रदान की गयी।
आज विशेष संचारी रोग नियन्त्रण अभियान एवं दस्तक अभियान के अन्तर्गत राज्य स्तर से नामित पर्यवेक्षक डा0 इरफान वजीह, संयुक्त निदेशक, स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय, उ0प्र0, लखनऊ द्वारा जनपद के सामु0स्वा0केन्द्र गोसाईगंज एवं स्वास्थ्य केन्द्र शिवलर तथा सामु0स्वा0केन्द्र चिनहट एवं ग्राम नरेन्दी का भ्रमण किया गया। क्षेत्रीय भ्रमण के दौरान कई घरों में सम्पर्क किया गया तथा क्षेत्रीय ए0एन0एम0 एवं आशा से भी फीडबैक लिया गया। भ्रमण कै दौरान डा0 विमल कुमार बैसवार अपर मुख्य चिकित्साधिकारी (वी0बी0डी0), डा0 सोमनाथ उप मुख्य चिकित्साधिकारकी (वेक्टर बार्न) एवं योगेश चन्द्र रघुवंशी, जिला स्वास्थ्य शिक्षा एवं सूचना अधिकारी, लखनऊ उपस्थित थे।
इसके अतिरिक्त संचारी रोग नियन्त्रण अभियान एवं दस्तक अभियान एवं वेक्टर बार्न डिजीज कार्यक्रम के अन्तर्गत नेहा कीर्ति स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी नग0 सामु0स्वा0केन्द्र चन्दरनगर एवं डा0 मनोरमा, नग0प्रा0स्वा0केन्द्र औरंगाबाद द्वारा रश्मि खण्ड शारदा नगर सेक्टर जी1 आशियाना एवं सेक्टर सी1 आशियाना में डोर टू डोर एक्टिविटी कराते हुए बुखार सर्वेक्षण एवं कैम्प लगाकर आवश्यक जॉच करायी गयी।
मच्छरों की ब्रीडिंग रोकने के उपाय
ऽ वाटर टैंक व कंटेनरों को ढक कर रखें, घर के अंदर व आसपास पानी को जमा न होने दें।
ऽ अनावश्यक कन्टेनर, कबाड़, टायर व नारियल के खोल में पानी जमा न होने दें। तत्काल उसका निस्तारण सुनिश्चित करें।
ऽ प्रत्येक सप्ताह कूलर का पानी बदलें, कूलर आदि में ज़्यादा दिनों तक पानी जमा न होने दें।


ऽ घरों और होटल के वाटर टैंक में लार्वीवोरस फिश का उपयोग करें।
ऽ बर्ड बाथ, फूलदान आदि में प्रत्येक सप्ताह पानी बदलें।
स्वयं बचाव के उपाय
ऽ सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें।
ऽ दिन के समय मच्छरों के काटने से बचने के लिए पूरी बांह के कपड़े पहनें। बुखार आने पर चिकित्सक की सलाह पर दवा का उपयोग करें।
क्या न करें-
ऽ घर में या घर के आस पास कूलर, बाल्टी, बैरल, फूलदान, बर्ड बाथ, फ्रीज़, टायर व नारियल के खोल में पानी जमा न होने दें।
ऽ टूटे बर्तन, अनुपयोगी बोतल, टिन, पुराने टायर, और कबाड़ को घर मे न जमा होने दें और न ही घर के पास उन्हें फेकें। उक्त चीज़ों का उचित निस्तारण सुनिश्चित कराएं ताकि उसमे मच्छरों की ब्रीडिंग न हो पाए।
ऽ बुखार होने पर स्वंय से दवा न करें, चिकित्सक के परामर्श के उपरान्त ही दवा का उपयोग करें।
