Monday , October 3 2022

गांधी जयंती पर ‘ज्‍यादा सफार्इ, कम दवाई’ का नारा सार्थक करने का आह्वान

स्‍वच्‍छता रैली में डॉ दिनेश शर्मा, आशुतोष टंडन, संयुक्‍ता भाटिया, डॉ सूर्यकांत सहित अनेक लोगों ने लिया हिस्‍सा  

लखनऊ। उत्‍तर प्रदेश के उप मुख्‍यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा ने कहा है कि बिना स्‍वच्‍छता के स्‍वस्‍थ समाज की कल्‍पना नहीं की जा सकती। सफाई के कार्य में सिर्फ सरकार के साथ समाज की जागरूकता भी बहुत आवश्‍यक है। अकेले सरकार पर सबकुछ नहीं छोड़ा जा सकता है।

 

डॉ शर्मा ने ये विचार आज 2 अक्‍टूबर को दैनिक जागरण द्वारा आयोजित स्‍वच्‍छता रैली में व्‍यक्‍त किये। यह रैली बेगम हजरत महल पार्क से शुरू होकर शहीद स्मारक पहुंची जहां पर उप मुख्‍यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा, चिकित्‍सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की लखनऊ शाखा के अध्‍यक्ष डॉं सूर्यकांत, मुस्लिम धर्मगुरु मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने उपस्थित लोगों को सम्‍बोधित किया। गांधी जयंती पर आयोजित इस कार्यक्रम में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन और धन्‍वन्‍तरि सेवा संस्‍थान ने भी सक्रिय रूप से हिस्‍सा लिया।

समारोह में चिकित्‍सा शिक्षा मंत्री आ्रशुतोष टंडन ने कहा कि स्‍वच्‍छता कार्यक्रम में हम सभी को सहभागिता करनी चाहिये, हमारे प्रयास ऐसे हों कि लखनऊ भी इंदौर की तरह स्‍व्‍च्‍छता में नम्‍बर एक पर आये। इसी तरह के विचार लखनऊ की महापौर संयुक्‍ता भाटिया ने भी व्‍यक्‍त करते हुए कहा कि नगर निगम तो स्‍वच्‍छता के कार्य में लगा ही हुआ है, साथ ही अगर नागरिक भी सहयोग करें तो लखनऊ को इंदौर जैसा बनने से कोई रोक नहीं सकता। ज्ञात हो मध्‍य प्रदेश के इंदौर को सबसे साफ शहर के रूप में चुना गया है।

इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की लखनऊ शाखा के अध्‍यक्ष डॉ सूर्यकांत ने इस मौके पर उपस्थित लोगों से कहा कि स्‍वच्‍छता और स्‍वास्‍थ्‍य का सीधा संबंध है। उन्‍होंने अपने स्‍लोगन के बारे में बताते हुए कहा कि सभी को यह ध्‍यान रखना चाहिये। उन्‍होंने अपने स्‍लोगन ‘ज्‍यादा सफार्इ, कम दवाई’ के बारे में जिक्र करते हुए कहा कि स्‍व्‍च्‍छता का सीधा सम्‍बन्‍ध स्‍वास्‍थ्‍य से है, इसलिए भी लोगों को चाहिये कि वह स्‍वच्‍छता ध्‍यान रखें तो दवा की जरूरत अपने आप ही कम पड़ेगी। उन्‍होंने कहा कि खासकर बरसात और उसके बाद के दिनों में संक्रामक बीमारियों का खतरा ज्‍यादा रहता है। ऐसे में अपनी जागरूकता से हम बीमारियों से दूर रह सकते हैं।