Wednesday , December 1 2021

18 दिनों में एक्टिव केस पौने दो लाख घटे, नये मामलों में भी 30 हजार की कमी

-प्रदेशव्‍यापी आंशिक कोरोना कर्फ्यू के अच्‍छे परिणाम सामने आ रहे

-68 प्रतिशत गांव अभी बचे हैं कोरोना संक्रमण से, हो रही कड़ी निगरानी

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ। अपर मुख्य सचिव सूचना नवनीत सहगल ने बताया कि मुख्यमंत्री की एग्रेसिव टेस्ट, ट्रैक और ट्रीट की रणनीति से प्रदेश में संक्रमण कम हो रहा है। 30 अपैल, 2021 से प्रदेश के कुल एक्टिव मामलों में 1 लाख 74 हजार से अधिक की कमी आई है। इसके साथ-साथ नये मामलों की संख्या में भी लगभग 30 हजार की कमी आयी है। कोविड-19 से ठीक होने का प्रतिशत 90.60 हो गया है। राजधानी लखनऊ में भी केसों में कमी आयी है, बीते 24 घंटों में 502 नये मामले आये हैं, जबकि 19 लोगों की मौत हुई है। प्रदेश की बात करें तो 8737 नये मामले सामने आये हैं जबकि 255 लोगों की मौत हुई है। मौत के आंकड़े अपेक्षाकृत तरीके से कम नहीं हो रहे हैं, जो कि चिन्‍ता का विषय है। इसके अतिरिक्‍त प्रदेश में प्रतिदिन कोविड टेस्ट 2.50 लाख से अधिक किये जा रहे हैं, जिसमें आरटीपीआर टेस्ट 1 लाख से अधिक किये जा रहे है। प्रदेश में 18 से 44 वर्ष के आयु के साथ-साथ 45 वर्ष से अधिक लोगों का वैक्सीनेशन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक 1.50 करोड़ से अधिक लोगों को वैक्सीन की डोज दी गई है।


श्री सहगल ने बताया सर्विलान्स के साथ-साथ गांवों में लोगों से सम्पर्क करते हुए कोविड लक्षणयुक्त लोगों की पहचान कर उनका कोविड टेस्ट तथा उन्हें मेडिकल किट प्रदान की जा रही है। उन्होंने बताया कि गाँव में संक्रमणयुक्त लोगों को होम आइसोलेशन में रखने के लिए गांव में ही पंचायत भवन/स्कूल/सरकारी इमारतों में आइसोलेट करके उनका उपचार किया जा रहा है।

श्री सहगल ने बताया कि मुख्यमंत्री जी द्वारा टीम-9 की समीक्षा बैठक में ब्लैक फंगस बीमारी के संबंध निर्देश दिए गए हैं कि ब्लैक फंगस के उपचार की दवा पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रहे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ने कोविड-19 की सम्भावित तीसरी लहर में बच्चों के स्वास्थ्य सुरक्षा के विशेष इंतजाम करने के उद्देश्य से सभी जिला अस्पतालों में पीडियाट्रिक आईसीयू को तैयार कराये जाने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश के मेडिकल कालेजों में 100-100 बेड तथा जनपद के अस्पतालों में 20-20 बेड बच्चों के लिए आरक्षित किया जायेगा।

श्री सहगल ने बताया कि प्रदेशव्यापी आंशिक कोरोना कर्फ्यू के सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं। आंशिक कोरोना कर्फ्यू में वैक्सीनेशन, औद्योगिक गतिविधियों, मेडिकल सम्बन्धी कार्य आदि आवश्यक अनिवार्य सेवाओं को यथावत जारी रखा गया है। आंशिक कोरोना कर्फ्यू की अवधि में पूरे प्रदेश के शहरों और गांवों में विशेष सफाई एवं फॉगिंग अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि मास्क का प्रयोग करे, सैनेटाइजर व साबुन से हाथ धोते रहे तथा भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें।


अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रदेश में बड़ी संख्या में टेस्टिंग कार्य करते हुए, टेस्टिंग क्षमता निरन्तर बढ़ायी जा रही है। गत एक दिन में कुल 2,79,581 सैम्पल की जांच की गयी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में कोविड-19 से ठीक होने का प्रतिशत 90.60 हो गया है। प्रदेश में अब तक कुल 4,52,31,090 सैम्पल की जांच की गयी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना से संक्रमित 8,727 नये मामले आये हैं। अब तक 14,83,249 लोग कोविड-19 से ठीक हो चुके हैं। प्रदेश में कोरोना के कुल 1,36,342 एक्टिव मामलों में से 99,891 व्यक्ति होम आइसोलेशन में हैं, इसके अतिरिक्त अन्य मरीज सरकारी एवं निजी चिकित्सालयों में इलाज करा रहे है।

 
उन्होंने बताया कि 18 से 44 वर्ष वाले लोगों के साथ-साथ 45 वर्ष से अधिक आयु वालों का वैक्सीनेशन चल रहा है। अब तक 1,19,42,983 लोगों को वैक्सीन की पहली डोज दी गई तथा पहली डोज वाले लोगों में से 32,81,544 लोगों को वैक्सीन की दूसरी डोज दी गई। इस प्रकार कुल 1,52,24,527 वैक्सीन की डोज लगायी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि 23 जनपदों में अब तक 18 से 44 वर्ष के आयुवर्ग को एक दिन में 1,12,309 तथा अब तक 5,27,193 लोगों को वैक्सीन लगायी गयी है।
श्री प्रसाद ने बताया कि गांव में निगरानी समितियों द्वारा लोगों के घर-घर जाकर कोविड लक्षण की जानकारी की जा रही है। इस अभियान के तहत निगरानी समिति 79,512 गांवों में पहुंची है, जिसमें से 28,742 गांव में संक्रमण मिला है। उन्होंने बताया कि 68 प्रतिशत गांव अभी संक्रमण से बचे हैं। इन गांवों में संक्रमण न फैले इसके लिए ग्राम निगरानी समितियों को और सतर्क एवं सावधान रहने के निर्देश दिए गये हैं।
श्री प्रसाद ने लोगों से अपील की है कि मास्क का प्रयोग अनिवार्य रूप से करे, सैनेटाइजर व साबुन से हाथ धोते रहे। टीकाकरण के बाद भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन अवश्य करें।