Friday , September 30 2022

जांच मशीनें ही नहीं, उनके लिए पैरामेडिकल स्टाफ भी तुरंत उपलब्ध करायें

सुविधाविहीन बड़े अस्पतालों के लिए उपलब्धता के स्वास्थ्य मंत्री ने दिये निर्देश

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने महानिदेशक, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य पद्माकर सिंह को निर्देश दिए कि जिन बड़े चिकित्सालयों में जांच की सुविधा उपलब्ध नही हैं, उन अस्पतालों को तत्काल चिन्हित करके उनमें मशीनों/उपकरणों की स्थापना करने के साथ ही उन्हें क्रियाशील बनाए रखने के लिए आवश्यक पैरामेडिकल स्टाफ की व्यवस्था सुनिश्चित कराएं। उन्होंने यह भी कहा कि स्वास्थ्य विभाग सीधे तौर पर आम जनता एवं गरीबों से जुड़ा है। इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की उदासीनता अथवा लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

सिद्धार्थनाथ सिंह

एमआरआई, सीटी स्कैन, डिजिटल एक्स-रे मशीन तथा अल्ट्रासाउण्ड की सुविधा होनी जरूरी

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मरीजों की सभी प्रकार की जांच एक ही छत के नीचे हो सके इसके लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रदेश के सभी बड़े चिकित्सालयों में एमआरआई, सीटी स्कैन, डिजिटल एक्स-रे मशीन तथा अल्ट्रासाउण्ड की सुविधा मुहैया कराई जाए। साथ ही इन उपकरणों की स्थापना से पहले ही आवश्यक स्टाफ की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जाए।

 ई-टेंडर से पूरी पारदर्शिता के साथ हो मशीनों की खरीदारी

श्री सिंह ने कहा कि प्रदेश में 828 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र हैं, जबकि मात्र 128 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में ही एक्स-रे की सुविधा उपलब्ध है। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में एक्स-रे मशीन नहीं है, वहां तत्काल इसकी व्यवस्था कराई जाए। स्वास्थ्य मंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि जिन चिकित्सालयों में एमआरआई, सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउण्ड तथा एक्स-रे मशीन संचालित है, वहां प्राथमिकता पर इनकी देख-रेख का बेहतर इंतजाम किए जाए। जिन बड़े चिकित्सालयों में यह उपकरण/मशीनें नहीं हैं, वहां जल्द ही इसकी स्थापना कराई जाए। श्री सिंह ने कहा कि मशीनों/उपकरणों की खरीद में पूरी पारदर्शिता होनी चाहिए। इसके लिए उपकरणों का क्रय ई-टेण्डर द्वारा किया जाए। उन्होंने प्रदेश के सभी अस्पतालों के रिकार्ड्स ऑन-लाइन करने के सख्त निर्देश दिए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

13 − 10 =

Time limit is exhausted. Please reload the CAPTCHA.