-संजय गांधी पीजीआई में मनाया जा रहा चौथा शोध दिवस

सेहत टाइम्स
लखनऊ। संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान (एसजीपीजीआई) @SGPGI लखनऊ की शोध इकाई के द्वारा 13 दिसंबर को संस्थान का चौथा शोध दिवस मनाया जाएगा। 2020 में एसजीपीजीआई में अनुसंधान दिवस मनाने की इस परंपरा की शुरुआत करने वाले निदेशक प्रोफेसर आर के धीमन ने खुशी जताते हुए कहा है कि इससे शोधकर्ताओं में जागरूकता और उत्साह बढ़ा है क्योंकि पिछले वर्षों की तुलना में पोस्टर प्रस्तुतियों की संख्या में काफी वृद्धि हुई है। इससे संस्थान में इंट्राम्यूरल और एक्स्ट्रा म्यूरल ग्रांट में भी बढ़ोतरी हुई है।
उन्होंने कहा कि शोध संस्थान के तीन महत्वपूर्ण स्तंभों में से एक है। ये यह तीन स्तंभ हैं- रोगी सेवा, शिक्षण और शोध। शोध रोगियों को ऐसी गुण परक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में मदद करता है, जिन्हें स्थानीय आवश्यकता के अनुसार कम लागत में विकसित किया जाता है। शोध के द्वारा हम नई तकनीक व अविष्कार से अपने देश में ही चिकित्सीय संयंत्रों का निर्माण कर सकते हैं।
शोध इकाई के प्रभारी डॉ सी पी चतुर्वेदी ने बताया कि इस दिन संस्थान के संकाय सदस्य, विद्यार्थी और रिसर्च स्कॉलर अपने शोध प्रपत्र प्रस्तुत करेंगे, जिनसे ज्ञान का आदान-प्रदान होगा। केजीएमयू, आरएमएल, सी एस आई आर, सीडीआरआई और आईआईटीआर जैसे अन्य संस्थानों के वरिष्ठ संकाय सदस्य पोस्टरों का मूल्यांकन करेंगे। इसके अलावा, अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों के संकाय सदस्य संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान में आगे के अनुसंधान को बढ़ावा देने और मार्गदर्शन करने के लिए प्रेरक व्याख्यान देंगे।
उन्होंने कहा कि विगत वर्ष की भांति इस वर्ष भी संकाय सदस्यों के साथ-साथ विद्यार्थी भी अपने शोध कार्यों को प्रस्तुत करेंगे। इस वर्ष 250 शोध पत्र ( 170 छात्र और 80 संकाय सदस्यों द्वारा ) प्रस्तुत किए गए हैं। प्रस्तुत शोध कार्यों के आधार पर दिनांक 14.12.2023 को संस्थान के 40वें स्थापना दिवस पर संकाय सदस्य वर्ग में 16 एवं छात्र वर्ग में 24 पुरस्कार प्रदान किये जायेंगे।
