सफेद दाग का होम्योपैथी में उपचार संभव

डॉ अनुरुद्ध वर्मा

लखनऊ। त्वचा पर सफेद दाग कुष्ठ रोग नहीं होता है। समय रहते इलाज कराने से सफेद दाग ठीक हो सकता है। देश में आठ प्रतिशत लोग विटीलिगो (सफेद दाग) बीमारी से प्रभावित हैं। यह किसी भी उम्र में महिला व पुरूष को हो सकता है। यह रोग त्वचा द्वार ‘मिलेनिन’ नामक पदार्थ (जो कि त्वचा का रंग निर्धारित करता है) का बनना बंद हो जाने के कारण होता है।
केन्द्रीय होम्यापैथिक परिषद के सदस्य व वरिष्ठ होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. अनुरुद्ध वर्मा ने बताया कि इस बीमारी से  शरीर को कोई नुकसान नहीं होता है लेकिन सामाजिक, शारीरिक,मानसिक, मनोवैज्ञानिक और भावनात्मक कष्ट देता है। इससे प्रभावित व्यक्ति को लोग हेय दृष्टि से देखते हैं।
डॉ. अनुरुद्ध वर्मा ने बताया कि होम्योपैथी में रोगी के मानसिक लक्षण, शारीरिक बनावट, आचार, विचार, व्यवहार, इच्छा और अनिच्छा, पसंद और नापसंद, गर्मी, ठण्डी और मानसिक लक्षणों को देखते हुए हर रोगी के लिए अलग-अलग दवाओं का चयन किया जाता है।