‘सिंगल वूमन आर्मी हैं कैंसरग्रस्‍त बच्‍चों व उनके परिवार की सेवा में लगीं सपना उपाध्‍याय’

ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन के 14वें स्थापना दिवस में कैंसरग्रस्‍त बच्‍चों को दी गयी छात्रवृत्ति, साइकिल

लखनऊ। आजकल जब बेटा-बेटी अपने माता-पिता की सेवा नहीं कर पाते हैं ऐसे में पिछले 13 वर्षों से कैंसर पीड़ित बच्‍चों की देखभाल, उनकी पढ़ाई-लिखाई, यहां तक तक कि उनके परिवार वालों को जरूरत के अनुसार खाने-पीने से लेकर रोजगार में लगाने के नेक काम में लगी ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन की जितनी तारीफ की जाये कम है, इसकी संस्‍थापक सपना उपाध्‍याय वाकई सिंगल वूमन आर्मी हैं जो इतने लम्‍बे समय से इस सेवा कार्य में लगी हुई हैं और संस्‍था को इतनी ऊंचाई पर ले आयी हैं।

 

ये विचार किंग जॉर्ज चिकित्‍सा विश्‍व विद्यालय (केजीएमयू) के कुलपति प्रो एमएलबी भट्ट आज ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन के 14वें स्‍थापना दिवस समारोह में बतौर मुख्‍य अतिथि प्रकट किये। उन्‍होंने बताया कि कहा गया है कि नर सेवा नारायण सेवा होती है। फाउंडेशन जो कार्य कर रहा है वह तारीफ के काबिल है। उन्‍होंने कहा कि भारत ही नहीं कोई भी देश हो वहां सिर्फ सरकार के भरोसे रहकर समाज सेवा नहीं की जा सकती, इसमें ऐच्छिक संस्‍थाओं को आगे आना पड़ता है, समाज से जब सहयोग मिलता है तभी पूरे समाज का भला होता है। उन्‍होंने इस मौके पर कैंसर से ग्रस्त 52 बच्‍चों को छात्रवृत्रि प्रदान की, जबकि पांच स्‍कूली छात्राओं को साइकिल प्रदान कीं। इसके अतिरिक्‍त ईश्‍वर फाउंडेशन से जुड़े नौ सामाजिक क्‍लबों को प्रतीक चिन्‍ह देकर सम्‍मानित किया। आपको बता दें कि वर्ष 2005 में इस संस्‍था ने 500 रुपये की सामाजिक सहायता से अपनी सेवा यात्रा शुरू की थी।

कैंसर एक शब्‍द नहीं पूरा वाक्‍य है

समारोह में विशिष्‍ट अतिथि के रूप से आमंत्रित लोहिया आयुर्विज्ञान संस्‍थान के रेडियेशन ऑन्‍कोलॉजी विभाग के विभागाध्‍यक्ष डॉ मधुप रस्‍तोगी ने कहा कि कैंसर एक मात्र एक शब्‍द नहीं है, यह पूरा एक वाक्‍य है। उन्‍होंने कहा कि जब किसी को कैंसर से ग्रस्‍त होने का पता चलता है तो मरीज के साथ उसके परिवार पर क्‍या-क्‍या बीतती है, इसे समझना बहुत कठिन है। देखते ही देखते आर्थिक रूप से कमजोर होने के साथ ही परिवार की हिम्‍मत भी टूटने लगती है, ऐसी स्थिति में ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन जैसी संस्‍था जब मदद का हाथ बढ़ाती हैं तो वाकई यह कार्य सराहनीय हो जाता है।

 

मिलकर सहायता करने से मिलती है सफलता

विशिष्‍ट अतिथि केजीएमयू के मुख्‍य चिकित्‍सा अधीक्षक प्रो एसएन संखवार ने कहा कि सपना उपाध्‍याय की फाउंडेशन द्वारा किया जा रहा कार्य अत्‍यंत सराहनीय है, मैं इन्‍हें शुरुआत से देख रहा हूं कि किस तरह से यह कैंसरग्रस्‍त बच्‍चों की सेवा में सक्रिय रहती हैं। उन्‍होंने कहा कि एक-दूसरे के साथ मिलकर सहायता करने से सफलता अवश्‍य मिलती है। सपना उपाध्‍याय के प्रयासों को शायरी में समेटते हुए उन्‍होंने कहा कि कौन कहता है कि आसमां में छेद हो नहीं सकता, एक पत्‍थर तो सपना जी की तरह तबीयत से उछालो यारों।

अच्‍छे कार्यों को लोगों को बताना जरूरी

केजीएमयू के क्‍लीनिकल हेमेटोलॉजी विभाग के विभागाध्‍यक्ष प्रो एके त्रिपाठी ने अपने सम्‍बोधन में कहा कि ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन अच्‍छा कार्य कर रही है, और अच्‍छे कार्य को लोगों को बताने की जरूरत पड़ती है, बुरे कार्य तो अपने आप ही लोगों तक पहुंच जाते हैं। अच्‍छे कार्य के बारे में बताने से हौसला बढ़ता है और दूसरों को भी वह कार्य करने की प्रेरणा मिलती है। उन्‍होंने कहा कि रोगी की सेवा एक पुण्‍य कार्य है। उन्‍होंने भी एक शायरी से अपने भाव प्रकट करते हुए कहा कि ‘मेरे दुख-दर्द को सुनकर हो असर ऐसा, मैं भूखा रहूं तो तुझसे भी न खाया जाये’

 

बच्‍चों के साथ उनके परिवार की देखभाल वाकई काबिलेतारीफ

विशिष्‍ट अतिथि यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, लखनऊ के लाल चंद ने फाउंडेशन द्वारा किये जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि कैंसरग्रस्‍त बच्‍चों की देखभाल, उनके घरवालों के ठहरने की व्‍यवस्‍था के साथ ही परिवार को आर्थिक रूप से सुदृढ़ करने जैसे नेक काम में लगीं सपना उपाध्‍याय बधाई की पात्र हैं।

लोगों के सहयोग के लिए जताया आभार  

र्इश्‍वर चाइल्ड वेलफेयर फाउंडेशन की संस्‍थापक सपना उपाध्‍याय ने फाउंडेशन की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्‍तुत करते हुए बताया कि कैसे उन्‍होंने पिछले 13 सालों में अपने कार्य को किस-किस तरह लोगों के सहयोग और अपनी लगन से आगे बढ़ाया। उन्‍होंने बताया कि हम लोगों ने कैंसरग्रस्‍त बच्‍चों के माता-पिता की आमदनी बढ़ाने के लिए उनके पुनर्वास के कार्य को करने की पहल की है, इसके तहत संस्‍था की महिला समूह द्वारा बनाये गये हस्‍तनिर्मित उत्‍पाद तैयार किये जाते हैं और फि‍र उसकी प्रदर्शनी लगायी जाती है, इससे जो आमदनी होती है वह उन्‍हीं महिलाओं में बांट दी जाती है जिससे उन्‍हें आर्थिक मजबूती प्रदान हो। आज के समारोह में भी इन उत्‍पादों की प्रदर्शनी लगायी गयी थी। इसके अतिरिक्‍त मुख्‍य अतिथि सहित सभी विशिष्‍ट अतिथियों को महिला समूह द्वारा हस्‍तनिर्मित उत्‍पाद को संस्‍था की ओर से उपहार के रूप में भेंट किया गया। इस अवसर पर संस्‍था की स्‍मारिका का विमोचन भी किया गया।

 

इस मौके पर ईश्‍वर चाइल्‍ड वेलफेयर फाउंडेशन की टीम ने बड़ी ही सक्रियता के साथ अपनी-अपनी भूमिका का निर्वहन किया। मंच का संचालन डॉ अलका निवेदन ने बहुत ही खूबसूरती से करते हुए उपस्थित लोगों को कार्यक्रम में बांधे रखा। इस मौके पर नेत्रदान के लिए प्रेरित करने वाले जीके सेठ, नेशनल इंश्‍योरेंस कम्‍पनी लिमिटेड के सीनियर डिवीजनल मैनेजर संजय श्रीवास्‍तव सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।