अधिक प्रजनन दर वाले 57 जिलों में ‘मिशन परिवार विकास’ लागू

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की परिवार कल्याण मंत्री प्रो. रीता बहुगुणा जोशी, एवं राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्वाती सिंह ने मंगलवार को अवंती बाई चिकित्सालय, बलरामपुर में अधिक प्रजनन दर वाले 57 जनपदों में भारत सरकार की योजना ‘मिशन परिवार विकास’ का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर सम्बोधित करते हुए प्रो. जोशी ने कहा कि जनसंख्या की दृष्टि से भारत विश्व में चीन के बाद दूसरे स्थान पर है। बढ़ती जनसंख्या का संसाधनों पर प्रभाव पड़ता है तथा देश और प्रदेश की सेवाएं भी प्रभावित होती हैं। प्रजनन दर अधिक होने से मातृ एवं शिशु का स्वास्थ्य प्रभावित होता है, जिसके कारण मातृ-शिशु मृत्यु दर में भी वृद्धि होती है। उन्होंने कहा कि इस विषय में आज जनमानस को जागरूक करने की तीब्र आवश्यकता है, प्रदेश के मुख्यमंत्री ने इसके लिए जागरूकता रैली को हरी झण्डी दिखाकर जनसंख्या स्थिरता पखवाड़े का शुभारम्भ किया है। इसी क्रम में प्रदेश के जिन जनपदों में सकल प्रजनन दर 3 या इससे अधिक है, ऐसे 57 जनपदों में आज से भारत सरकार की ‘मिशन परिवार विकास’ योजना को लागू किया जा रहा है।

दस नवविवाहित जोड़ों को ‘नई पहल’ किट देकर शगुन की शुरुआत

प्रो. रीता बहुगुणा जोशी तथा स्वाती सिंह ने मिशन परिवार विकास कार्यक्रम के तहत नवविवाहितों को शगुन के तौर पर उपलब्ध करायी जाने वाली किट ‘नई पहल’ का दस नवविवाहित जोड़ों में वितरण कर शुभारम्भ किया। चयनित 57 जनपदों में परिवार कल्याण से सम्बन्धित संदेशों के प्रचार-प्रसार के लिए जागरूकता वाहन ‘सारथी’ को रवाना किया। इस अवसर पर ऐसे नवविवाहित जो जल्द परिवार में वृद्धि इच्छा नहीं रखते हैं, उन महिलाओं को गर्भ निरोधक इंजेक्शन ‘अंतरा’ देकर तथा हार्मोन रहित सेन्ट्रोकोमान गोली ‘छाया’ उपलब्ध कराकर परिवार कल्याण कार्यक्रमों की ग्राह्यता बढ़ाने का शुभारम्भ किया गया। अंतरा-गर्भ निरोधक इंजेक्शन तथा छाया-हार्मोन रहित सेन्ट्रोक्रोमान गोली जनसमुदाय हेतु उपलब्ध करायी जा रही है।
इस अवसर पर सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य आलोक कुमार ने कहा कि आज भी प्रदेश के कई जिलों में प्रजनन दर बहुत अधिक है। उन्होंने सभी मेडिकल एवं पैरा मेडिकल कर्मचारियों/अधिकारियों से अपील की कि वे सब एक जुट होकर जनसंख्या नियंत्रण के लिए कार्य करें।
समारोह में मंत्री प्रो. रीता बहुगुणा जोशी तथा स्वाती सिंह ने लंैगिक भेदभाव, घरेलू हिंसा, भ्रूण हत्या, अल्पायु में विवाह के विरोध में आवाज उठाने वाली छात्राओं को भी सम्मानित किया आपसी तालमेल तथा परिवार कल्याण विधि को प्रोत्साहित करने वाली सास-बहू की जोडिय़ों को भी समारोह में पुरस्कृत किया गया।