रिक्शे वाले ने सैकड़ों लोगों की जान खतरे में डाली

तीन ट्रेनें आयीं एक ही ट्रैक पर, ड्राइवरों की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा

 

 

लखनऊ. बंद रेलवे क्रासिंग से गुजरने से लोग बाज नहीं आते हैं. जागरूकता के बाद भी इस तरह की लापरवाही वाली कोशिशें लगभग हर क्रासिंग पर लोग करते हैं. ऐसी ही एक कोशिश के कारण कानपुर रेलवे स्टेशन के पास आज एक बड़ा हादसा होते बच गया. एक ही रेलवे ट्रैक पर एक साथ तीन- तीन रेलगाड़ियाँ आ गयीं थीं, गनीमत रही ड्राइवरों की सूझबूझ से हादसा टल गया. दुरंतो एक्सप्रेस, हटिया-आनंद विहार एक्सप्रेस और महाबोधि एक्सप्रेस सभी एक ट्रैक पर आ गईं थीं.

 

हुआ यूँ कि शक्तिनगर रेलवे क्रासिंग के पास एक रिक्शा चालक बंद क्रासिंग को पार करने की कोशिश कर रहा था. तभी इस ट्रैक पर दुरंतो एक्सप्रेस को आता देखकर रिक्शा चालक रिक्शा छोड़कर फरार हो गया. चूंकि ट्रेन स्टेशन से खुली ही थी, लिहाजा ड्राइवर ने समय रहते ट्रेन रोक दी. इस बीच एक ट्रेन के गुजर जाने के बाद नियमानुसार दूसरी ट्रेन का सिग्नल हो गया. हटिया-आनंद विहार एक्सप्रेस भी इसी ट्रैक पर आ गई. इस ट्रेन के चालक ने भी आगे ट्रेन को देखकर ब्रेक लगा दिया.

 

बताया जाता है कि इसके बाद इसी ट्रैक पर महाबोधि एक्सप्रेस भी आ गई. उसके ड्राईवर ने भी आगे ट्रेन को देखर ब्रेक लगा दिया. यहां तीनों ट्रेन के ड्राइवरों की सतर्कता से बड़ा हादसा टल गया. सबसे बड़ा सवाल यह रहा कि कैसे कण्ट्रोल रूम को यह जानकारी नहीं मिली कि पहले रवाना हुई ट्रेन आगे नहीं बढ़ सकी है. इस मामले में रेलवे की सफाई भी आ गई. सीपीआरओ, एनसीआर गौरव बंसल का कहना है कि कोई चूक नहीं हुई है. ऑटोमैटिक सिग्नल था लिहाजा सभी ट्रेनें रवाना हो गईं. एक के पीछे एक ट्रेन निर्धारित दूरी पर रुकती है. कोई भी नियम विरुद्ध कार्य या दुर्घटना जैसी चीज नही हुई.