-संस्थान प्रशासन के लिखित आश्वासन के बाद नर्सिंग स्टाफ एसोसिएशन ने लिया निर्णय
-मांग पूरी न हुई तो 27 जुलाई को सीएम आवास तक पूर्व निर्धारित कलश यात्रा निकलेगी

सेहत टाइम्स
लखनऊ। संजय गांधी पीजीआई में नर्सिंग स्टाफ एसोसिएशन ने अपनी एक सूत्रीय मांग कैडर पुनर्गठन पर मुख्यमंत्री द्वारा आवश्यक निर्देश दिये जाने के साथ ही संस्थान के निदेशक प्रो आरके धीमन द्वारा मुख्यमंत्री की मंशा को बताते हुए एक माह में कैडर पुनर्गठन होने के आश्वासन के बाद अपना एक दिन पुराना धरना समाप्त करने का निर्णय लेते हुए अपने आंदोलन को एक माह के लिए स्थगित कर दिया है, साथ ही यह भी कहा है कि पूर्व के अनुभव से सबक लेते हुए मांग पर हो रही कार्यवाही को लेकर एसोसिएशन जागरूक रहेगी और यदि तब तक मांग पूरी न हुई तो पूर्व घोषणा के अनुसार आगामी 27 जुलाई को संस्थान के प्रशासनिक भवन से मुख्यमंत्री आवास तक कलश यात्रा निकाली जायेगी।
यह जानकारी देते हुए नर्सिंग स्टाफ एसोसिएशन की अध्यक्ष सीमा शुक्ला और महामंत्री सुजान सिंह ने बताया कि इस सम्बन्ध में निदेशक द्वारा एसोसिएशन के साथ वार्ता की गयी इसके पश्चात् पत्र लिखकर लिखित आश्वासन दिया गया है, जिसमें मुख्यमंत्री द्वारा हमारी मांगों को निपटाने संबंधी स्पष्ट निर्देश दिये जाने के बारे में बताया गया है। उन्होंने बताया कि एसोसिएशन की कार्यकारिणी की आज हुई बैठक में सभी परिस्थितियों पर विचार-विमर्श किया गया जिसमें इस निर्णय पर पहुंचा गया कि मुख्यमंत्री हमारी मांग को लेकर संवेदनशील हैं, साथ ही निदेशक द्वारा दिये गये पत्र में भी सभी स्थितियों को स्पष्ट करते हुए एक माह में कैडर पुनर्गठन होने की बात कही गयी है। इसका सम्मान करते हुए एसोसिएशन अपना धरना आंदोलन फिलहाल स्थगित करते हुए पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाये रखे, क्योंकि पूर्व में अनेक बार आश्वासन दिये जाने के बाद भी कार्य नहीं हुआ है।
कार्यकारिणी ने तय किया है कि एक माह के लिए आंदोलन को स्थगित कर दिया जाये। अगर मांग पूरी न हुई तो एक माह बाद पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 27 जुलाई को प्रशासनिक भवन से मुख्यमंत्री आवास तक कलश यात्रा निकाली जायेगी, इसके साथ ही सम्पूर्ण कार्य बहिष्कार का फैसला भी लिया जा सकता है। इससे पूर्व आज कार्यकारिणी की बैठक से पूर्व नर्सिंग एसोसिएशन के पदाधिकारी धरने पर बैठे इनमें उपाध्यक्ष लता सचान, संगठन मंत्री मनोज वर्मा, संयुक्त मंत्री यूसुफ, कार्यालय मंत्री वीरेन्द्र राठौर, सहायक कोषाध्यक्ष ओम प्रकाश पाल, रेखा पांडेय शामिल रहे।
