-भत्ते समाप्त करने व पेंशन अंशदान कम करने को लेकर पहली मई को देशव्यापी आंदोलन
सेहत टाइम्स ब्यूरो
लखनऊ। महंगाई भत्ते को फ्रीज किए जाने, नगर प्रतिकर भत्ता समाप्त किए जाने सहित उत्तर प्रदेश में छह और भत्ते समाप्त किए जाने तथा नई पेंशन व्यवस्था के कर्मचारियों के पेंशन में सरकारी अनुदान को 14% से घटाकर 10% किये जाने से नाराज देशभर के कर्मचारी कल मजदूर दिवस के अवसर पर दोपहर 12:00 बजे सभी कार्यालयों में कर्मचारी व्यक्तिगत दूरी बनाते हुए मोमबत्ती और दिए जलाकर, पोस्टर का प्रदर्शन कर कर्मचारियों के साथ हो रहे इस सौतेलेपन का विरोध करेंगे ।
इंडियन पब्लिक सर्विस इंप्लाइज फेडरेशन (ipsef) के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुनील यादव ने आज एक वीडियो अपील जारी करते हुए कहा कि देश के सभी राज्यों में कर्मचारियों की नाराजगी को देखते हुए यह फैसला लिया गया । देश के सभी राज्यो में कल आंदोलन किया जाएगा ।
इसके साथ ही राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रवक्ता अशोक कुमार, उपाधयक धनंजय तिवारी ने भी अपील जारी किया ।
इप्सेफ ने प्रत्येक कर्मचारी से अपील की कि सभी को अगर भविष्य सुरक्षित रखना है तो एकजुटता प्रदर्शित करनी होगी। देश की जनता देख रही है कि सरकारी कर्मचारी देश के साथ खड़ा है, लेकिन उनके साथ उचित व्यवहार नहीं किया जा रहा है ।
अपील में कहा कि यह आंदोलन वास्तव में किसी एक बैनर का नहीं बल्कि कर्मचारी समूह का है। कर्मचारियों को अपना अस्तित्व बचाने के लिए आज मजबूर होकर इस संक्रमण काल में भी विरोध व्यक्त करना पड़ रहा है । इस कार्यक्रम के माध्यम से देश भर कर्मचारी मजदूर दिवस पर वर्ष 1886 के मजदूर आंदोलन में भाग लेने वाले मजदूरों को अपनी श्रद्धांजलि भी प्रेषित करेंगे, साथ ही इस आंदोलन के माध्यम से कोरोना संक्रमण काल में जनता की सेवा में लगे हुए सभी कोरोना वारियर्स को धन्यवाद भी ज्ञापित किया जाएगा ।
प्रदेश के सभी जनपदो के कर्मी कल दिन में 12:00 बजे कार्यालयों में मोमबत्ती जलाकर अपना विरोध करेंगे और जो कर्मचारी घरों में होंगे वह सभी कर्मचारी सूर्यास्त के बाद शाम 7:00 बजे अपने घरों पर दिए या मोमबत्तियां जलाएंगे। आज जबकि देश में इस संकटकाल में सरकारी कर्मचारी ही लड़कर देश के नागरिकों की जान बचाने में लगा हुआ है, ऐसे में उनका सम्मान बढ़ाया जाना चाहिए था, लेकिन सरकार द्वारा इसके विपरीत आदेश जारी कर कर्मचारियों को मनोबल तोड़ा गया है।
