दीक्षांत समारोह मंच से डॉ कौस्‍तुभ को श्रद्धांजलि देने का आग्रह

-एसजीपीजीआई की आरडीए ने निदेशक को पत्र लिखकर बिन्‍दुवार मांगें रखीं

file photo

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ। संजय गांधी पीजीआई की रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन ने निदेशक को पत्र लिखकर पिछले दिनों कोविड वारियर के रूप में सेवा देने वाले अपने एक साथी की मृत्यु के बाद उस को सम्मान देने की दृष्टि से कुछ कदम उठाने की मांग की है।

एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ आकाश माथुर तथा महासचिव डॉ अनिल गंगवार ने निदेशक को लिखे पत्र में कहा है कि हमारे एक साथी डॉक्टर कौस्तुभ मूंदड़ा जिन्होंने हाल ही में गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग से डीएम की डिग्री प्राप्त की थी, उनकी बीती 11 दिसंबर 2020 को मृत्यु हो गई थी। डॉ कौस्तुभ अपने पीछे माता-पिता, पत्नी के साथ 1 वर्षीय पुत्र को भी छोड़ गए हैं। पत्र में कहा गया है कि डिग्री पूरी होने के बावजूद शासन के आदेश के तहत डॉ कौस्तुभ कोरोना वॉरियर्स के रूप में अपनी सेवाएं प्रदेश को दे रहे थे। डॉ कौस्तुभ ने अपने परिवार को न देखते हुए पूरे मनोयोग से कोविड काल में अपनी ड्यूटी को समय दिया।

पत्र में कहा गया है कि डॉ कौस्तुभ को सम्मान देने के लिए पूर्व में भी आग्रह किया गया था, लेकिन अभी तक इस संबंध में संस्थान प्रशासन द्वारा कोई घोषणा नहीं की गई है। पत्र में लिखा है कि 9 जनवरी को होने वाले दीक्षांत समारोह में डॉ कौस्तुभ के सम्मान स्वरूप अगर मंच से ही कोई घोषणा हो तो यह डॉ कौस्तुभ के लिए सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इसके लिए उठाये जाने वाले कदमों के बारे में एसोसिएशन ने लिखा है कि जि‍स हॉस्टल में डॉ कौस्‍तुभ रहते थे उसका नामकरण उनके नाम पर कर दिया जाए,  संस्थान में एक ऐसी निधि बनाई जाए जिसमें किसी भी अपरिहार्य स्थिति में अस्थाई कर्मचारियों के परिवार को आर्थिक सहायता दी जा सके।

इसके अलावा डॉ कौस्तुभ की स्मृति में वृक्षारोपण तथा उनके 1 वर्षीय बच्चे के भविष्य सुरक्षित करने के लिए संस्थान द्वारा परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए और प्रतिवर्ष गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग में सर्वश्रेष्‍ठ विद्यार्थी को कौस्तुभ मूंदड़ा गोल्ड मेडल दिया जाए, उनकी याद में फेलोशिप शुरू की जाए तथा राज्‍य सरकार से मरणोपरांत उन्हें उत्कृष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित करने व परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करने की अनुशंसा की जाए।