निजी अस्‍पतालों, क्‍लीनिक्‍स के पंजीकरण व नवीनीकरण के लिए सीआरएस पोर्टल पर रजिस्‍ट्रेशन अनिवार्य

-अस्‍पतालों को जन्‍म-मृत्‍यु का पंजीकरण 21 दिनों के भीतर सीआरएस पोर्टल पर कराना जरूरी

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में सभी निजी चिकित्सालय, नर्सिंग होम, मेटरनिटी होम, पैथोलॉजी, डायग्नोस्टिक सेंटर, क्लिनिक्स को पंजीकरण तथा उसका नवीनीकरण कराने के लिए अब सीआरएस पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया गया है। इस पोर्टल पर पंजीकरण न होने की स्थिति में संस्‍थान का पंजीकरण या नवीनीकरण नहीं होगा।

इस बारे में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ संजय भटनागर द्वारा सभी प्रतिष्ठानों को सूचित किया गया है। पत्र में लिखा है कि प्रतिष्ठान में कार्यरत सभी चिकित्सा कर्मियों व अन्य कर्मियों तथा चिकित्सा प्रतिष्ठान में दी जाने वाली सुविधाओं की सूचना निर्धारित प्रारूप में भेजना जरूरी है। इसके अलावा पंजीकरण और नवीनीकरण के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के बाद ऑनलाइन आवेदन पत्र की हस्ताक्षरित प्रति सभी कार्यरत स्टाफ के निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र के साथ सीएमओ ऑफिस में जमा करना होगा।

इस प्रारूप में करना होगा आवेदन

ज्ञात हो प्रतिष्ठानों को जिस प्रारूप में सूचना देनी है, उसमें मुख्य रूप से उस संस्‍थान में रोगियों के लिए उपलब्‍ध सेवाओं जैसे ओपीडी, जनरल सर्जरी, स्पेशलिस्ट सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग सेवाएं, बाल रोग सेवाएं आदि की सूचना देते हुए प्रतिष्ठान में कार्यरत चिकित्सकों का विवरण उनकी योग्यता की डिग्री या डिप्लोमा तथा पंजीकरण प्रमाण पत्र की प्रतियां जमा करनी होंगी। इसके अतिरिक्त संस्थान में होने वाली प्रत्येक जन्‍म अथवा मृत्यु की सूचना 21 दिनों के भीतर स्थानीय रजिस्ट्रार (जन्म-मृत्यु) को सीआरएस सॉफ्टवेयर के माध्यम से प्रत्येक दशा में उपलब्ध करानी होगी।