लोगों की सूनी बगिया में फूल खिलाने में लगीं डॉ गीता खन्ना को नारी शक्ति सम्मान

22 वर्षों से सफलतापूर्वक जारी है डॉ गीता का आईवीएफ तकनीक से इलाज का सफर

लखनऊ की पहली टेस्‍ट ट्यूब बेबी प्रार्थना का जन्‍म कराने का श्रेय भी जाता है डॉ गीता खन्‍ना को  

 

लखनऊ। प्रख्‍यात आईवीएफ विशेषज्ञ व अजंता आईवीएफ सेंटर एंड हॉस्पिटल की डाइरेक्‍टर डॉ गीता खन्‍ना को नारी शक्ति सम्‍मान-2019 से नवाजा गया है। डॉ गीता को यह सम्‍मान गत 22 वर्षों से उनके द्वारा संतान से वंचित महिलाओं को आईवीएफ व अन्‍य उपचार तकनीकियों से मां बनने का सुख देने के कार्य में सफलतापूर्वक लगे रहने के लिए दिया गया है। डॉ गीता को यह पुरस्‍कार शुक्रवार को दैनिक जागरण-आईनेक्‍स्‍ट द्वारा यहां आयोजित समारोह में लोक गायिका पद्मश्री मालिनी अवस्‍थी द्वारा प्रदान किया गया। यह पुरस्‍कार नारी कल्‍याण के क्षेत्र में उल्‍लेखनीय कार्य करने और अपने कार्य से दूसरों को प्रेरणा देने वाली महिलाओं को दिया जाता है।

 

सम्‍मान लेने मंच पर पहुंची डॉ गीता खन्‍ना को नारी शक्ति सम्‍मान प्रदान किये जाते समय समारोह में उपस्थित लोगों को डॉ गीता खन्‍ना का परिचय देते हुए बताया गया कि डॉ गीता खन्‍ना के मन में आईवीएफ प्रणाली के जरिये इलाज कर निराश महिलाओं को सुख देने का खयाल उनकी डॉक्‍टरी की पढ़ाई के दौरान ही आ गया था। उस समय डॉ गीता खन्‍ना एमबीबीएस तृतीय वर्ष में थीं।

उपस्थित लोगों की तालियों की गूंज उस समय और बढ़ गयी जब बताया गया कि लखनऊ में पहली टेस्‍ट ट्यूब बेबी प्रा‍र्थना का जन्‍म 1998 में डॉ गीता खन्‍ना के द्वारा ही कराया गया था। इस समय प्रार्थना की आयु 21 वर्ष हो चुकी है। इस बारे में डॉ गीता खन्‍ना ने बताया कि आईवीएफ की तकनीक के बारे में पता चलते ही मेरे मन में इस उपचार के जरिये संतान से वंचित माता-पिता को संतान सुख प्रदान करने का भाव पैदा हुआ था। मैं ईश्‍वर की बहुत शुक्रगुजार हूं कि उन्‍होंने मुझ पर अपना आशीर्वाद बनाये रखा है।

 

इस समारोह में मुख्‍य अतिथि मालिनी अवस्‍थी के अलावा विशिष्‍ट अतिथि के रूप में समाजसेवी अपर्णा यादव व मास्‍टर शेफ पंकज भदौरिया उपस्थित रहीं।