कोविड काल में नवरात्रि, बारावफात, क्रिसमस डे को कैसे मनायें, बताया धर्मगुरुओं ने

-यूपी यूनिसेफ ने आयोजित किया वेबिनार, कई शहरों से जुड़े धर्मगुरु

-अपर मुख्‍य सचिव स्‍वास्‍थ्‍य ने कहा, संक्रमण का खतरा अभी बरकरार

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ। त्‍यौहारों का मौसम आ रहा है, दो दिन बाद से नवरात्रि शुरू हो रही है। आगे बारावफात और क्रिसमस डे जैसे त्‍यौहार भी आ रहे हैं, बीते सात महीनों से वैश्विक महामारी कोविड-19 ने अन्‍य देशों के साथ ही भारत भी इस भीषण स्थिति से गुजर रहा है, हालांकि इधर नये निकलने वाले कोरोना केसेज में कुछ कमी आयी है, लेकिन जब तक संक्रमण समाप्‍त न हो जाये या फि‍र वैक्‍सीन न आ जाये तब तक सावधानी ही वैक्‍सीन है।

आस्‍था और खुशियों से भरे ये त्‍यौहार कहीं संक्रमण का फैलाव न बन जायें, इस स्थिति के प्रति सावधान और लोगों को जागरूक करने के लिए यूनिसेफ उत्‍तर प्रदेश ने आज 15 अक्‍टूबर को एक वेबिनार का आयोजन किया, इसमें अलग-अलग धर्मों के गुरुओं को शामि勪ఀल किया गया, इन धर्मगुरुओं ने एक जुट होकर जनता से त्यौहारों के समय लापरवाही न बरतने और कोविड से बचाव के नियमों का पालन करते हुए त्यौहार मनाने की अपील की।

धर्म गुरुओं द्वारा की गई इस साझा अपील की सराहना करते हुए,यूनिसेफ उत्तर प्रदेश की चीफ ऑफ फील्ड ऑफिस रूथ लीयानो ने कहा, “यूनिसेफ को धर्म गुरुओं का सहयोग सदैव मिलता रहा है। समुदाय में भ्रांतिया दूर करने एवं सही संदेश पहुँचाने में हमेशा धर्म गुरुओं ने अहम भूमिका निभाई है। हम आशा करते हैं कि धर्म गुरुओं द्वारा जारी यह अपील भी जनता को सावधानी से त्यौहार मनाने के लिए प्रेरित करेगी।”

अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण उत्तर प्रदेश, अमित मोहन प्रसाद ने कहा, “कोविड की रोकथाम में सरकार मुस्तैदी से लगी हुई है। पर जब तक एक भी व्यक्ति संक्रमित है, संक्रमण फैलने का खतरा बना है। ऐसे में सावधानी बरत कर कोविड को बढ़ने से रोका जा सकता है। हमे पूर्ण विश्वास है कि धर्म गुरुओं की अपील पर लोग ज़रूर अमल करेंगे और त्यौहारोंके दौरान संक्रमण न बढ्ने देने में सरकार का पूर्ण सहयोग करेंगे।”

विश्व स्वास्थ्य संगठन के डॉ आशुतोष अग्रवाल ने वेबिनार में कोविड बचाव के नियमों को दोहराते हुए कहा “जब तक कोविड की वैक्सीन नहीं आ जाती, बचाव ही कोविड से सुरक्षित रहने का एक मात्र उपाय है। ऐसे में त्यौहारों के समय घर के बुज़ुर्गों, बच्चों, बीमार व्यक्तियों, गर्भवती महिलाओं आदि की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें। मास्क का सही प्रयोग, दो गज़ की दूरी एवं हाथों की स्वच्छता आदि नियमों का पालन करें।”

वेबिनार को संबोधित करते हुए नैमिषारण्य, मां श्री ललिता देवी मंदिर, सीतापुर के आचार्य मुन्ना श्रीमाली ने इस वर्ष दुर्गा पूजा नए तरीके से मनाने की अपील की। उन्होने कहा “इस वर्ष नवरात्रि सावधानी के साथ मनाएँ। पूजन सामग्री एवं नए वस्त्र आदि त्यौहारों से जुड़े सामान ऑनलाइन मंगाएँ एवं बाहर जाने से बचें।”

मनकामेश्वर मठ, डालीगंज, लखनऊ की महंत देव्यागिरि ने कहा “हम नवरात्रि में कन्याओं का पूजन करते हैं किन्तु अन्यथा उनका सम्मान नहीं करते। आइये हम सब माँ दुर्गा में पूर्ण आस्था रखते हुए इन विकारों को दूर करने का प्रण लें। यही हमारी सच्ची पूजा होगी।”

ऐशबाग ईदगाह के शाही ईमाम मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने इस बार बारावफ़ात को भी सादगी से मनाने की अपील की। उन्होने कहा, “हर वर्ष बारावफ़ात बहुत हर्ष और उल्लास से मनाया जाता है पर इस बार इसे सादगी से सुरक्षा का ध्यान रखते हुए मनाएँ। घर पर ही नमाज़ अदा करें और बुज़ुर्गों, बच्चों, गर्भवती महिलाओं एवं बीमार व्यक्तियों का विशेष ध्यान रखें।”

श्री काशी विश्वनाथ मंदिर, लालोरी टोला वाराणसी के श्री टेक नारायण उपाध्याय ने इस वर्ष नए ढंग से कन्या पूजन करने की अपील की। उन्होने कहा “घर पर कन्याओं को भोजन कराने से बेहतर होगा की इस बार आप जरूरतमंदों को कच्चा अनाज दें। ऐसी बच्चियों की मदद करें जिनके अभिभावक उनकी स्कूल फीस देने में असमर्थ हैं। उनकी शिक्षा में सहयोग करें।”

आगरा के फादर वर्गीज़ कुन्नाथ ने भी इस क्रिसमस पर गरीबों एवं जरूरतमंदों के लिए सैंटा बनने की बात पर ज़ोर दिया। उन्होने कहा,“कोविड के दौरान जिन लोगों की आमदनी प्रभावित हुई है उनकी सहायता करें। घर पर बड़े आयोजन न करें एवं अधिक लोगों के साथ मिल कर क्रिसमस का जश्न न मनाएँ।”

मणि राम छावनी राम मंदिर, अयोध्या के कमल नयन दास महाराज ने जनता से किसी जुलूस,शोभा यात्रा, जन मण्डली में प्रतिभाग न करने की अपील की।

देवीपाटन शक्तिपीठ, तुलसीपुर बलरामपुर के महंत योगी मिथिलेश नाथ एवं माँ अलोपशंकरी शक्तिपीठ आलोपी बाग, प्रयागराज के दिगंबर राधेश्याम गिरि ने सार्वजनिक स्थानों पर कोविड नियमों का पालन सुनिश्चित करने पर ज़ोर दिया। देवी मंदिर विंध्याचल धाम मिर्जापुर के त्रियोगी नारायण मिश्र ने दुकानदारों द्वारा विशेष सावधानी बरतने पर ज़ोर दिया। गोरखनाथ मंदिर के श्री आचार्य प्रदीप कुमार राव ने सभी धर्म गुरुओं से सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों से जुड़ कर उन्हे बारम्बार त्यौहार सुरक्षा एवं सादगी से मनाने के लिए प्रेरित करने की बात कही।

वेबिनार में यूनिसेफ उत्तर प्रदेश के प्रोग्राम मैनेजर अमित महरोत्रा ने सभी धर्म गुरुओं का स्वागतकिया एवं उनके सहयोग के लिए उन्हे धन्यवाद दिया। वेबिनार में प्रदेश के विभिन्न जिलों से 700 से अधिक धर्म गुरुओं ने प्रतिभाग किया।