-अजंता हॉस्पिटल में महिलाओं के लिए नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन
-मुख्य अतिथि महापौर ने डॉ गीता खन्ना के समाज में दिये योगदान को सराहा

सेहत टाइम्स
लखनऊ। अपने परिवार की हर छोटी-बड़ी बात का ध्यान रखने वाली अधिकांश महिलाएं अपने स्वास्थ्य को नज़रअंदाज़ करती हैं और बाद में बड़ी समस्या पेश आती है। महिलाओं के साथ ही उनके परिवार के अन्य लोगों को भी यह समझना होगा कि परिवार की इस धुरी को चलाये रखने के लिए उसके स्वास्थ्य की जिम्मेदारी पूरे परिवार की है। ऐसे में वार्षिक चेकअप को कराना ही चाहिये, छोटी सी समस्या को भी नजरअंदाज न कर अपने चिकित्सक की राय अवश्य लेनी चाहिये।

ये विचार आज 30 जुलाई को यहां आलमबाग स्थित अजंता अस्पताल में महिलाओं के लिए आयोजित एक फ्री हेल्थ कैंप में अस्पताल की निदेशक और आईवीएफ एक्सपर्ट डॉ गीता खन्ना ने व्यक्त किये। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में महापौर सुषमा खर्कवाल शामिल थीं। महापौर ने कहा डॉक्टर धरती के भगवान होते है। उन्होंने आईवीएफ को एक कारगर तकनीक बताते हुए डॉ गीता खन्ना के योगदान को सराहना की।
डॉ गीता खन्ना ने बताया कि आजकल महिलाएं बीपी, शुगर, थायरॉयड जैसी जीवन शैली संबंधी समस्याओं से अक्सर ग्रसित हो जाती हैं। इसलिए वार्षिक स्वास्थ्य जांच अनिवार्य है। एक स्वस्थ बच्चे के लिए गर्भवती मां का ऑक्सीजन लेवल मेंटेन होना अति आवयशक है।
अस्पताल के प्रबंध निदेशक डॉ अनिल खन्ना ने बताया कि शिविर के दौरान 135 से अधिक महिलाओं की जांच की गई।
