ट्रॉमा सेंटर में लगी भीषण आग

दूसरी मंजिल स्थित स्टोर रूम में लगी आग, बगल के खाली वार्ड को लिया चपेट में

लखनऊ। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (केजीएमयू) के ट्रॉॅमा सेंटर में शनिवार शाम भीषण आग लग गयी। गनीमत यह रही कि आग की चपेट में आकर किसी मरीज को नुकसान नहीं पहुंचा है। हालांकि खबरों में यह भी है कि अफरा-तफरी के बीच हटाये गये भर्ती मरीजों को इलाज न मिलने के कारण उनमें से करीब आधा दर्जन मरीजों की मौत हो गयी है लेकिन केजीएमयू प्रशासन का कहना है कि इसके चलते किसी मरीज को नुकसान नहीं पहुंचा है जो मौतें हुई हैं वे रोज इलाज के दौरान होने वाली मौतों की ही तरह हैं। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया है। सामान आदि जलने की खबर है तथा बिल्डिंग खाली कराये जाने के कारण लगभग ढाई घंटे कैजुअल्टी वार्ड बंद रहा जिसके चलते उस दौरान मरीजों की भर्ती बंद रही। अनुमान है कि आग शॉर्ट सर्किट से लगी।

मुख्यमंत्री ने मंडलायुक्त से जांच के दिये आदेश

प्रमुख सचिव सूचना की ओर से बताया गया है कि सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने अधिकारियों को घटनास्थल पर पहुंचने का निर्देश दिया तथा कहा आग बुझाने और स्थिति सामान्य करने में मदद करें तथा सुनिश्चित करें कि किसी प्रकार की अफरा-तफरी की स्थिति न पैदा हो तथा भर्ती मरीजों की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री ने मंडलायुक्त द्वारा घटना की जांच के आदेश देते हुए तीन दिन में रिपोर्ट मांगी है। उन्होंने यह भी कहा कि घटना का उत्तरदायित्व निर्धारित करते हुए इसकी पुनरावृत्ति न हो इसके आदेश दिये हैं।

आनन-फानन में बाहर निकाले गये भर्ती मरीज

मिली जानकारी के अनुसार आग ट्रॉमा सेंटर की दूसरी मंजिल स्थित स्टोर रूम में लगी तथा बगल में स्थित डिजॉस्टर मैनेजमेंट वार्ड जो कि खाली था, उसे अपनी चपेट में ले लिया, इसी के साथ ही वहां से ऊपर की ओर बढ़ी लेकिन तब तक चौक स्थित दमकल स्टेशन से गाडिय़ां आ गयीं। इस बीच धुआं उठते देख अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। आनन-फानन में ट्रॉमा सेंटर में भर्ती मरीजों को वहां मौजूद तीमारदार और अन्य अस्पताल कर्मी बाहर ले आये बाद में निकाले गये सभी मरीजों को बगल में स्थित शताब्दी अस्पताल, गांधी वार्ड, लारी कार्डियोलॉजी विभाग, पीडियाट्रिक वार्ड आदि जगहों पर शिफ्ट कर दिया गया।
बताया जा रहा है कि आग से स्टोर में रखा सामान दवाएं, सर्जिकल आइटम, डिजास्टर मैनेजमेंट वार्ड में पड़े पलंग, गद्दे, एसी आदि जलने की खबर है। इस बारे में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ एसएन संखवार ने बताया कि जले हुए सामान का आकलन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मरीजों को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं हुआ है।
खबर मिलने के बाद केजीएमयू के कुलपति, रजिस्ट्रार तथा केजीएयू प्रशासन के अधिकारियों ने पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। आग लगने की खबर लगते ही उत्तर प्रदेश सरकार के दो मंत्री चिकित्सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन तथा बृजेश पाठक के अतिरिक्त जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक तथा अन्य पुलिस अधिकारी और कर्मी भी मौके पर पहुंंचे।