एम्स के सम्तुल्य माने जाने को लेकर फिर से चले आंदोलन की राह
लखनऊ। संजय गांधी पीजीआई के रेजिडेंट डॉक्टर्स अपनी मांगें पूरी न होने के विरोध में एक बार फिर आंदोलन की राह पर चल पड़े हैं। इसके तहत मंगलवार की शाम को इन डॉक्टरों ने पीजीआई परिसर स्थित क्रांति स्थल से निदेशक के आवास तक कैंडिल मार्च निकाल कर विरोध जताया। बुधवार को पीजीआई पहुंच रहे उत्तर प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा मंत्री आशुतोष टंडन और चिकित्सा शिक्षा के प्रमुख सचिव डॉ रजनीश दुबे का रेजिडेंट डॉक्टर घेराव करेंगे।
यह जानकारी देते हुए रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के डॉ अनिल गंगवार ने बताया कि रेजिडेंट डॉक्टर्स को भी अन्य शैक्षणिक कर्मचारियों के समान एम्स के समतुल्य माने जाने की रेजिडेंट की मांग काफी समय से लंबित है। पिछले दिनों देश में उत्पन्न हुए हालातों को देखते हुए हम लोगों ने अपना आंदोलन स्थगित कर दिया था। किन्तु वर्तमान समय में इस मुद्दे पर कोई प्रगति न होते देख अब कड़े कदम उठाना जरूरी हो गया है।
उन्होंने कहा कि मांगें न पूरी होने के कारण सभी रेजीडेंट डॉक्टर्स में बहुत आक्रोश है और बुधवार को असहयोग आंदोलन की तर्ज पर कार्य बहिष्कार के लिए ज्ञापन सौंपेंगे।
