सर्जरी की नौबत नहीं आने देती है फीजियोथेरेपी

जागरूकता बैठक में घुटना व कूल्हा प्रत्यारोपण विशेषज्ञ ने दी महत्‍वपूर्ण जानकारी

गोरखपुर/लखनऊ। आज के समय में घुटने और जोड़ों की समस्याएं बहुत अधिक बढ़ गई हैं इसलिए लोगों को फीजियोथेरेपी के महत्व के बारे में जागरुक करना बहुत जरूरी है। बिना किसी साइड इफेक्ट के फीजियोथेरेपी सर्जरी की जरूरत को खत्म कर देती है।

यह बात मैक्स अस्पताल के वरिष्ठ घुटना व कूल्हा प्रत्यारोपण विशेषज्ञ, डॉक्टर अखिलेश यादव ने सिद्धार्थनगर में आयोजित एक जागरूकता बैठक में कही। इस मौके पर सिद्धार्थनगर के डीएम दीपक मीणा, डॉक्टर विनीत द्विवेदी, डॉक्टर इन्द्रमणि उपाध्याय, डॉक्टर सुभाष यादव व डॉक्टर फजलुर्रहमान मुख्य रूप से शामिल हुए। डॉ अखिलेश ने कहा कि जागरूकता में कमी के कारण आम जनता के बीच फीजियोथेरेपी को सिर्फ एक व्यायाम के रूप में जाना जाता है। उम्र चाहे जो हो, शारीरिक समस्या के आधार पर फीजियोथेरेपी सभी के लिए महत्वपूर्ण है।”

डॉक्टर अखिलेश यादव ने इससे जुड़ी सभी भ्रांतियों के बारे में बताया। उन्‍होंने कहा कि उम्र सहित कई अन्य कारणों से होने वाली गठिया की समस्या जैसे ऑस्टियोआर्थराइटिस, रूमेटाइड आर्थराइटिस, यूनीकम्पार्टमेंटल आर्थराइटिस ने भारत के हजारों लोगों का जीवन खराब कर दिया है। ऑफिस में लंबे और अनियमित काम के घंटों के कारण लोगों की जीवनशैली खराब और गतिहीन हो गई है। इस प्रकार की आबादी में पीठ दर्द, कमजोर मांसपेशियों और जोड़ों की समस्या निरंतर बढ़ रही है। यदि शुरुआत से ही फिजिकल थेरेपी का उपयोग किया जाए तो इन सभी समस्याओं से निजात मिल सकती है।