लू से बचने की होम्‍योपैथिक दवायें दी गयीं छात्रों को

गर्मी में होने वाली बीमारियों से बचाव और उपचार पर संगोष्‍ठी आयोजित

 

लखनऊ। एमकेएसडी इण्टर कालेज पेपर मिल कॉलोनी, एवं अनंत फाण्डेशन के तत्वावधान में गर्मी के मौसम में होने वाली बीमारियों के कारण बचाव एवं होम्योपैथिक उपचार विषय पर जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन कॉलेज सभाकक्षा में किया गया जिसमें विशेषज्ञों ने गर्मी के मौसम में स्वस्थ रहने के नुस्‍खे दिये और छात्रों के प्रश्नों के उत्तर दिये। इन छात्रों को लू से बचने की दवायें भी वितरित की गयीं। कॉलेज के प्राचार्य आरबी सिंह ने कहा कि गर्मी के मौसम में सेहत की देखभाल बहुत जरूरी है क्येांकि जरा सी असावधानी सेहत की सुरक्षा को खतरे में डाल सकती है।

 

विशिष्ट वक्ता के रूप में केन्द्रीय होम्योपैथी परिषद के पूर्व सदस्य डा0 अनुरुद्ध वर्मा ने छात्रों को बताया कि गर्मी के मौसम की ज्यादातर बीमारियां प्रदूषित पानी, प्रदूषित भोजन, प्रदूषित खाने-पीने की चीजें एवं व्यक्तिगत सफाई की कमी के कारण होती हैं, इसलिये इस मौसम में ताजा, गर्म, स्वच्छ, हल्का भोजन करना चाहिए, साथ ही स्वच्छ पानी पीना चाहिए एवं हाथ साफ कर ही कुछ खाना चाहिए। उन्होंने सलाह दी कि बिना कटे एवं रसदार फल खाने चाहिए, खीरा, ककड़ी एवं तरबूज पर्याप्त मात्रा में खाना चाहिए।

 

उन्होंने सलाह दी कि गर्मी के मौसम में क्या नहीं करना चाहिए। उन्होंने बताया कि बासी खाना न खायें, बाजार के खाने से बचें, कटे फल, गन्ने का रस एवं बाजार के खुले पानी का प्रयोग न करें। बाजार की खुली चाट, पकौड़ी आदि न खाये। दूषित जगहों पर न रहें। गर्मी के मौसम में पर्याप्त मात्रा में साफ पानी पियें।

 

राजकीय नेशनल होम्योपैथिक मेडिकल कालेज के एसोसियेट प्रोफेसर डा0 एसडी सिंह ने बताया कि इस गर्मी में लू लगने की सम्भावना ज्यादा रहती है इसलिये घर से निकलने के पूर्व पर्याप्त मात्रा में पानी एवं सादा भोजन कर निकलना चाहिए तथा सिर ढंककर एवं ढीले-ढाले सूती कपड़े पहनना चाहिए। उन्होंने बताया कि गर्मी के मौसम की बीमारियों का कारगर बचाव एवं उपचार होम्योपैथी में उपलब्ध है। संगोष्ठी को डॉ अशोक वर्मा, डा0 संदीप अग्रवाल, समाजसेवी राजीव मोहन एवं पीके दुबे ने सम्बोधित किया। इस अवसर पर लू से बचाव की होम्योपैथी दवाइयां भी वितरित की गयीं। संगोष्ठी में कालेज के शिक्षकों एवं छात्रों ने भाग लिया।