Saturday , December 4 2021

कोविड ड्यूटी करने वाले कर्मियों को पूर्व की भांति होटल में क्‍वारेंटाइन करने की मांग

-राज्‍य कर्मचारी संयुक्‍त परिषद के महामंत्री ने की मुख्‍यमंत्री से सीधे हस्‍तक्षेप करने की अपील

सेहत टाइम्‍स ब्‍यूरो

लखनऊ राज्‍य कर्मचारी संयुक्त परिषद उत्तर प्रदेश के महामंत्री अतुल मिश्रा ने मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव व अपर मुख्य सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं प्रमुख सचिव चिकित्सा शिक्षा को पत्र लिखकर कोविड-19 अस्पतालों में कार्य करने वाले चिकित्सा कर्मियों के लिए पूर्व की भांति होटलों में क्वारन्टीन की व्यवस्था करने एवं उचित खानपान की व्यवस्था करने की मांग की है, जिससे कर्मचारियों का स्वास्थ्य सही रहे और जनता को अच्छी सेवा प्राप्त हो सके।

परिषद के महामंत्री अतुल मिश्रा एवं प्रमुख उपाध्यक्ष सुनील यादव ने कहा कि वर्तमान में कोविड के प्रसार को देखते हुए प्रदेश में अनेक कोविड अस्पताल एक बार फिर से बना दिए गए हैं, परंतु अभी तक परिषद को जो सूचना प्राप्त हो रही है उसके अनुसार पूर्व की तरह क्वॉरेंटाइन करने हेतु होटलों की व्यवस्था नहीं की गई है और न ही कर्मचारियों को अच्छा स्वास्थ्य दायक भोजन आदि की व्यवस्था की जा रही है, जबकि इसके पूर्व कोविड-19 चिकित्सा कर्मियों के लिए शासन द्वारा ऐसी व्यवस्था की गई थी।

परिषद के महामंत्री अतुल मिश्रा ने कहा कि लखनऊ में ही पीजीआई, केजीएमयू, डॉ आर एम एल आयुर्विज्ञान संस्थान, लोकबंधु चिकित्सालय, राम सागर मिश्र चिकित्सालय बख्शी का तालाब आदि में मरीज़ो की बढ़ती हुई संख्या व भयावह प्रकोप को देखते हुए कोविड चिकित्सालय पूर्व की भांति प्रारंभ कर दिया गया लेकिन अभी तक चिकित्सक/ कर्मियों को हॉस्टल या अस्पताल के ही किसी कमरे में रोका जा रहा है अथवा उन्हें डयूटी उपरांत घर मे ही क्वारन्टीन के लिए कहा जा रहा है, जिससे कर्मी व उनका परिवार भयभीत है व कर्मचारी भी भय के माहौल में कार्य सम्पादित कर रहे हैं, जो कदापि उचित नही है। उनकी उचित खानपान की व्यवस्था भी नहीं हो पा रही है जिससे कर्मचारियों के स्वास्थ्य खराब होने की आशंका है और ऐसा देखा भी जा रहा है कि लगातार चिकित्सालयों में स्वास्थ्य कर्मी संक्रमित हो रहे हैं। ऐसे में स्वास्थ्य कर्मचारियों के स्वास्थ्य की भी देखभाल किया जाना अत्यंत आवश्यक है और इसी को देखते हुए उनके लिए होटलों में क्वॉरेंटाइन की व्यवस्था एवं स्वास्थ्यदायक भोजन की व्यवस्था किए जाने की मांग की गई है, जिससे कर्मचारी स्वस्थ रहे, उनकी इम्युनिटी और मनोबल बढ़ा रहे। जो चिकित्सा कर्मी अपने घरों से आ रहे हैं उनके परिवार में भी संक्रमण का खतरा बना रहेगा।

श्री मिश्रा ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश के उपरांत होली पूर्व सरकार ने आदेश निर्गत किये थे कि अप्रैल माह का वेतन समय से भुगतान कर दिया जाए परन्तु संज्ञान में आया है कि के जी एम यू जैसे विशिष्ट संस्थान सहित कई जगह अभी तक वेतन भुगतान नहीं हुआ है जिससे कोविड में ड्यूटी कर रहे कर्मचारियों के परिवार को आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

परिषद के अध्यक्ष सुरेश, महामंत्री अतुल मिश्रा व उपाध्यक्ष सुनील ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि कोविड-19 में कर्मचारी अपनी व अपने परिवार की जिंदगी की परवाह किये बगैर जनता की सेवा व सरकार के साथ खड़ा है ऐसी परिस्थिति में यदि उनकी मूल समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जाएगा तो कर्मचारी का मनोबल गिरेगा व इस वैश्विक महामारी में मरीज़ों की संख्या ही रह जायेगी उनकी देखभाल व इलाज करने वाला कोई नहीं बचेगा, इसलिए मुख्यमंत्री से अपील है कि वे स्वयं हस्तक्षेप कर मूलभूत समस्याओं का शीघ्र समाधान करायें।