मरीजों के साथ ही चिकित्सकों के भी फिट रहने का इंतजाम

इस तरह की हैं मशीनें

लखनऊ। मरीजों के साथ-साथ अपने चिकित्सा शिक्षकों, पीजी करने वाले जूनियर डॉक्टरों, नर्सों व अन्य कर्मचारियों की भी सेहत का खयाल रखने का इंतजाम है डॉ राम मनोहर लोहिया संस्थान में। इसके लिए संस्थान ने आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित मशीनों वाला विश्वस्तरीय जिम्नेजियम बना रखा है।
आधुनिक मशीनों से लैस है लोहिया संस्थान का विश्वस्तरीय जिम्नेजियम
संस्थान में तीसरे माले पर बने पीएमआर (फिजिकल मेडिकल रिहैबिलिटेशन) विभाग के कमरा नम्बर 302 में बने इस जिम में विश्वस्तर वाले ऐक्सरसाइज एप्लायंसेज लगे हुए हैं। इस कमरे में चारों तरफ आईने लगे हुए हैं। यहां रखी हैं बड़ी-बड़ी मशीनें जो सामान्यत: किसी बड़े प्राइवेट जिम में ही उपलब्ध होती हैं। यहां पर पहुंंचने पर अहसास ही नहीं हो रहा था कि हम किसी सरकारी क्षेत्र के परिसर में खड़े हैं।

डॉ. सुब्रत चन्द्रा

इस बारे में संस्थान के अधीक्षक और जिम के इंचार्ज डॉ सुब्रत चन्द्रा से बात की तो उन्होंने बताया कि डेढ़ साल पूर्व इस जिम को खोला गया था। डॉ चन्द्रा खुद भी जिम के बहुत शौकीन हैं। लोहिया संस्थान में आने से पहले डॉ चन्द्रा सैफई, इटावा स्थित आयुर्विज्ञान संस्थान में भी जिम व इनडोर गेम एक साथ चला रहे थे। उन्होंने बताया कि मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया के मानकों के तहत चिकित्सा छात्रों के लिए शारीरिक गतिविधियां  एक जरूरी अंग है। इसलिए यहां से पीजी करने वाले मेडिकल छात्रों को तो जिम की सुविधा दी ही जा रही है,  साथ-साथ संस्थान में कार्य करने वाले चिकित्सा शिक्षकों से लेकर कर्मचारियों के लिए जिम की सुविधा उपलब्ध है।
छाती, कंधे, बाहें, पीठ की मजबूती के साथ पेट की चर्बी भी घटायी जा रही
डॉ सुब्रत चन्द्रा ने बताया कि यहां पर रखीं कन्वर्जिंग चेस्ट प्रेस मशीन से जहां छाती की मसल्स को मजबूत बनाया जाता है वहीं लेग एक्सटेंशन मशीन से पैरों को मजबूत करने की सुविधा है। आजकल पेट निकल आना बहुत ही साधारण बात हो गयी है, पेट की चर्बी कम करने के लिए ऐबडोमिनल क्रन्च मशीन की भी सुविधा यहां है। इसके अलावा कंधे और पीठ को मजबूत करने के लिए लैटरल रेज, बाहें और कंधों को मजबूत करने के लिए आर्म कर्ल मशीन के साथ ही विभिन्न प्रकार की मशीनें, डम्बल, लिफ्टिंग उपकरण यहां उपलब्ध हैं। उन्होंने बताया कि अस्पताल में काम करने वालों के लिए जिम प्रात: ६ से ८ तथा सायं ४ से ८ बजे तक खुलता है। इसके अतिरिक्त प्रात: ९ से सायं ४ बजे पीएमआर विभाग में आने वाले दिव्यांगों की मांसपेशियां मजबूत करने के लिए उन्हें एक्सरसाइज करायी जाती है।