जीवन की सच्‍चाई बताकर रुला दिया गीतकार संतोष आनंद ने, नेहा कक्‍कड़ ने भी जीता दिल

-भावुक कर दिया इंडियन आइडल के लक्ष्‍मीकांत-प्‍यारेलाल एपीसोड ने

धर्मेन्‍द्र सक्‍सेना

लखनऊ। सोनी चैनल पर आजकल चल रहे इंडियन आइडल में रविवार को प्रसारित लक्ष्‍मीकांत प्‍यारेलाल विशेष एपीसोड लोगों के दिल पर एक छाप या कहिये कि विशेष छाप छोड़ गया, क्‍योंकि शो में भाग ले रहे प्रतिभागी अपने गानों से दिल पर छाप तो छोड़ते ही हैं, इस ऐपीसोड में विशेष छाप इसलिए कि इस दिन एक दिग्‍गज गीतकार संतोष आनंद को चैनल ने आमंत्रित किया था। खुद्दारी भरी संतोष आनंद की कहानी सुनकर वाकई सभी का मन बहुत द्रवित हो उठा। जहां लोगों ने संतोष आनंद की खुद्दारी देखी, वहीं सिंगर नेहा कक्‍कड़ के भावुक अंदाज ने लोगों को दिखा दिया कि नेहा स्‍वभाव से कितनी सरल और संवेदनशील है। नेहा कक्‍कड़ ने जिस सौम्‍यता और विनय करने के अंदाज में पांच लाख रुपये की सहायता संतोष आनंद को देने की पेशकश की, वह दृश्‍य वाकई दिल को छू गया।

संतोष आनंद ने कहा कि मुझे यह लगता था कि मैं अपनी कविता से दुनिया जीत लूंगा, लेकिन अब यह सोचता हूं कि मैं कितना गलत था, आज मेरे पास न पावर है, न पैसा है…, लेकिन जनता का प्‍यार बहुत मिला, फि‍र अपने ही गीत की लाइन बोली… कुछ भी नहीं है तो कोई गम नहीं है, हर एक बेबसी बन गयी चांदनी है…तेरा साथ है तो मुझे क्‍या कमी है, अंधेरे से भी मिल रही रौशनी है… संतोष आनंद अपने दिल की बात सुना रहे थे और वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें भर रही थीं, कुछ के आंसू आंखों में तैरते रहे तो कुछ के छलक कर बाहर आ गये और शो की जज सिंगर नेहा कक्‍कड़ तो फफक कर रो पड़ीं। वाकई ऐसा दृश्‍य उत्‍पन्‍न हो गया कि प्रोग्राम में मौजूद लोगों के साथ जो भी लोग इसे प्रसारित होते देख रहे थे, शायद ही कोई ऐसा होगा जिसकी आंखें नम न हुई हों।  

मुफलिसी की जिन्‍दगी जी रहे संतोष आनंद ने आज भी अपनी खुद्दारी नहीं छोड़ी है, व्‍हील चेयर पर बैठ कर स्‍टेज पर आये संतोष आनंद का सिर बीमारी की वजह से लगातार हिल रहा था। वे ठीक से बात तक नहीं कर पा रहे थे, फि‍र भी उन्‍होंने जितनी बात की वह समझ में जरूर आ गयी। संतोष आनंद के लिखे हुए मशहूर गीत ‘एक प्‍यार का नगमा है… की लाइनें नेहा कक्‍कड़ ने जब गायीं तो संतोष आनंद के मुंह से भी गीत की एक लाइन गाने के अंदाज में निकल पड़ी।