Thursday , December 1 2022

कोलकाता के मेडिकल कॉलेज की घटना केजीएमयू में होते-होते बची

मरीज की मौत से नाराज परिजनों का लारी कार्डियोलॉजी में हंगामा, हमले की कोशिश

आधी रात के बाद की घटना, हमले से बचने के लिए रेजीडेंट्स डॉक्‍टरों ने खुद को किया कमरे में बंद

नाराज चिकित्‍सकों ने ठप की इमरजेंसी सेवायें, ठोस आश्‍वासनों के बाद शाम तक बहाल हुईं सेवायें

लारी कार्डियोलॉजी के बंद इमरजेंसी गेट और दीवार पर मुख्‍य चिकित्‍सा अधीक्षक की ओर से चस्‍पा की गयी इमरजेंसी ट्रॉमा सेंटर में शिफ्ट होने की सूचना

लखनऊ। उत्‍तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) में आज कोलकाता के एनआरएस मेडिकल कॉलेज में पिछले माह देश भर को हिलाने वाली कलंकित घटना की पुनरावृत्ति होते बची। ज्ञात हो कोलकाता में मरीज की मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने रेजीडेंट पर हमला किया था, जिसके बाद देशव्‍यापी हड़ताल भी हुई थी, बाद में पश्चिम बंगाल की मुख्‍यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा डॉक्‍टरों की मांगों को मानने के बाद ही हड़ताल समाप्‍त हुई थी।

 

केजीएमयू के हृदय रोग विभाग लारी कार्डियोलॉजी की इमरजेंसी में गंभीर अवस्‍था में लायी गयी मरीज की मौत पर परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद रेजीडेंट डॉक्‍टरों और अन्‍य कर्मचारियों पर हमला करने की कोशिश की, लेकिन चिकित्‍सकों ने अपने आप को एक कमरे में बंद कर लिया, जिससे वे बच सके। इस घटना से नाराज लारी कार्डियोलॉजी के चिकित्‍सकों और कर्मचारियों ने इमरजेंसी सेवायें ठप कर दीं, आनन-फानन में केजीएमयू प्रशासन ने हड़ताली डॉक्‍टरों और कर्मचारियों के साथ बैठक कर उन्‍हें मनाने का प्रयास किया, लम्‍बी चर्चा के बाद आवश्‍यक सुरक्षा मिलने के आश्‍वासन के बाद रेजीडेंट डॉक्‍टर व कर्मचारी माने तथा शाम तक इमरजेंसी सेवाओं को बहाल किया जा सका। केजीएमयू प्रशासन ने इस सम्‍बन्‍ध में एक पुलिस को एक तहरीर दी, जिसके बाद तुरंत ही लारी में पुलिस कर्मियों की तैनाती के आदेश जारी किये गये। केजीएमयू प्रशासन ने घटना के संबंध में आवश्‍यक दस्‍तावेज के साथ ही वीडियो फुटेज भी पुलिस को सौंपी है।

 

केजीएमयू के मीडिया प्रभारी से मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार-शनिवार की आधी रात के बाद करीब 2 बजे सायरा बानो नाम की महिला को मरणासन्‍न अवस्‍था में लाया गया था, ड्यूटी पर मौजूद रेजीडेंट डॉक्‍टरों ने मरीज को बचाने का पूरा प्रयास किया लेकिन बचा नहीं सके। इसके बाद डॉक्‍टरों ने महिला मरीज को मृत घोषित कर दिया। बस इसके बाद मरीज के साथ पहुंचे लोगों ने नाराज होकर डॉक्‍टरों और कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज, अभद्र व्‍यवहार और उनपर हमला करने की कोशिश की डॉक्‍टरों ने किसी तरह वहां से भागकर एक कमरे में अपने को बंद कर लिया तो तीमारदार वहां भी पहुंच गये और दरवाजा तोड़ने की कोशिश की लेकिन सफल नहीं हो सके। परिजनों की भीड़ ने तैनात सुरक्षा गार्ड को भी पीटा। इसी दौरान खबर मिलने पर पुलिस वहां पहुंची और मामले को संभाला। इन सब बातों में चार बज गये।

 

बस इसी के बाद रेजीडेंट्स डॉक्‍टरों ने घटना के विरोध में हड़ताल शुरू कर दी, इन चिकित्‍सकों ने केजीएमयू प्रशासन को एक पत्र लिखकर घटना के दोषियों पर काररवाई की मांग करते हुए लारी कार्डियोलॉजी से इमरजेंसी सेवाओं को ट्रॉमा सेंटर स्थित मेडिसिन इमरजेंसी में शिफ्ट करने की मांग रखी। उनका कहना था कि विभाग में इमरजेंसी सेवाएं असुरक्षित हैं। इधर आनन-फानन में घटना की सूचना केजीएमयू प्रशासन को पहुंची तो अफरा-तफरी मच गयी। हार्ट की इमरजेंसी ठप होने के बाद केजीएमयू प्रशासन ने लारी की इमरजेंसी के गेट पर केजीएमयू के अस्‍पताल के मुख्‍य चिकित्‍सा अधीक्षक की ओर से एक सूचना चस्‍पा की गयी जिसमें लिखा था कि ‘कार्डियोलॉजी की इमरजेंसी सेवायें ट्रॉमा सेंटर में स्‍थानांतरित कर दी गयी हैं’।

 

इसके साथ ही केजीएमयू का पूरा प्रशासनिक अमला लारी कार्डियोलॉजी पहुंचा फि‍र शुरू हुई बैठक। लम्‍बी बैठक के बाद रेजीडेंट्स ने मुख्‍य रूप से समुचित सुरक्षा व्‍यवस्‍था देने के वादे के बाद अपनी हड़ताल समाप्‍त की। लारी कार्डियोलॉजी में शाम तक ही सेवायें बहाल हो सकीं।